
Panaji: वर्ष 2016 में राज्य में आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान कथित खाद्य घोटाला मामले में जांच पूरी करने के लिये, गोवा सरकार ने चार हफ्ते के और समय लगने की बात कही है. गोवा सरकार ने मानवाधिकार पैनल के समक्ष और समय लगने की बात करते हुए कहा कि मामले की जांच शुरू कर दी गयी है. गवाहों से भी पूछताछ पूरी कर ली गयी है लेकिन मामले की विस्तृत जांच रिपोर्ट बनाने के लिए और समय की जरूरत है.
इसे भी पढ़ेंः कश्मीर घाटी में साल 2017 में 126 युवा हुए आतंकवादी संगठनों में शामिल : महबूबा मुफ्ती
सुनवाई दो अप्रैल तक के लिये स्थगित
सरकार की ओर से मुख्य सचिव धर्मेंद्र शर्मा इस संबंध में गोवा राज्य मानवाधिकार आयोग (जीएसएचआरसी) के समक्ष पेश हुए थे. गोवा सरकार द्वारा जांच में और समय लगने की बात कहने के बाद जिला अदालत न्यायाधीश (सेवानिवृत्त) ए डी सालकर की अगुवाई वाले दो सदस्यीय आयोग ने घोटाले के संबंध में सामाजिक कार्यकर्ता एरीस रोड्रीग्स की ओर से दायर शिकायत पर सुनवाई दो अप्रैल तक के लिये स्थगित कर दी.
इसे भी पढ़ेंः भाजपा का सिद्धारमैया सरकार पर आरोप, कहा – करा रही हैं ‘‘राजनीतिक हत्याएं’’
मामले की जांच शुरू कर दी गयी है, चार गवाहों से पूछताछ भी पूरी
जीएसएचआरसी को मुख्य सचिव धर्मेंद्रशर्मा ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गयी है और पुलिस अधिकारियों के बयान रिकॉर्ड कर लिये गये हैं. उन्होंने बताया कि चार गवाहों से भी पूछताछ कर ली गयी है और जांच पूरी करने एवं रिपोर्ट जमा करने के लिये उन्हें चार सप्ताह का समय और चाहिए. गौरतलब है कि पिछले साल 14 दिसंबर को जीएसएचआरसी ने मुख्य सचिव को इस संबंध में 45 दिन के अंदर विस्तृत रिपोर्ट जमा करने और दोषी अधिकारियों के नाम का खुलासा करने के लिये कहा था.
न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.




