
New Delhi: कोरोना संकट के बीच देश में पेट्रोल-डीजल के दाम लगातार सातवें दिन इजाफा हुआ है. पेट्रोल की कीमतों में शनिवार को 59 पैसे प्रति लीटर और डीजल की कीमतों में 58 पैसे प्रति लीटर की वृद्धि की गई. कीमतों की समीक्षा 82 दिनों तक स्थगित रखने के बाद लगातार सातवें दिन पेट्रोल-डीजल महंगा हुआ है.
सरकारी तेल विपणन कंपनियों की मूल्य अधिसूचना के मुताबिक दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 74.57 रुपए प्रति लीटर से बढ़कर 75.16 रुपए प्रति लीटर हो गई वहीं डीजल के दाम 72.81 रुपए प्रति लीटर से बढ़कर 73.39 प्रति लीटर हो गए हैं.
सात दिनों में 4 रुपये महंगा हुआ डीजल
बीते सात दिनों से देश में तेल की कीमतें बढ़ रही है. इस इजाफे के कारण एक हफ्ते में डीजल चार रुपये महंगा हो गया है. वहीं सिर्फ एक हफ्ते में पेट्रोल 3.90 रुपये महंगा हो गया है. दिल्ली और कोलकाता में शनिवार को पेट्रोल की कीमत 77.05 रुपये है, जबकि डीजल की कीमत 69.23 रुपये प्रति लीटर हो गई है. वहीं मुंबई में पेट्रोल की कीमत 82.10 रुपये प्रति लीटर पर है, और डीजल 72.03 रुपये प्रति लीटर है. इसके अलावा चेन्नई में डीजल की कीमत 71.64 रुपये प्रति लीटर और पेट्रोल की कीमत 78.99 रुपये प्रति लीटर हो गई है.
क्यों बढ़ रही कीमत
कोरोना संकट के कारण कई देशों में लॉकडाउन था, जो अब खुलने लगा है. इसकी वजह से वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की डिमांड बढ़ गई है. इस हालात में कच्चे तेल की कीमतें मजबूत होने लगी हैं, जबकि डॉलर के मुकाबले रुपये में गिरावट का सिलसिला जारी है.
अपने देश भारत की बात करें तो पेट्रोलियम कंपनियां अपने को नुकसान से बचाने के लिए इसका बोझ ग्राहकों पर डालने लगी हैं. ऐसे में अनुमान है कि अगले कुछ दिनों में पेट्रोल और डीजल के दाम में और बढ़त हो सकती है.
कैसे तय होती है कीमत
विदेशी करंसी रेट के साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड की कीमतें क्या हैं, इस आधार पर रोजाना पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव होता है. इन्हीं मानकों के आधार पर तेल कंपनियां पेट्रोल और डीजल के दाम तय करती हैं. डीलर पेट्रोल पंप चलाने वाले लोग हैं. वे खुद को खुदरा कीमतों पर उपभोक्ताओं के अंत में टैक्स और अपने कुद के मार्जिन जोड़ने के बाद पेट्रोल बेचते हैं. पेट्रोल रेट और डीजल रेट में यह कॉस्ट भी जुड़ती है.




