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विदेशी मीडिया ने माना,  मिशन चंद्रयान-2 हॉलीवुड फिल्म एवेंजर्स एंडगेम से कम खर्चीला  

NewDelhi : भारत का दूसरा मून मिशन चंद्रयान-2 हॉलीवुड फिल्म एवेंजर्स एंडगेम से कम खर्चीला है. यह विदेशी मीडिया का मानना है.   विदेशी अखबारों और वैज्ञानिक जर्नलों में चंद्रयान-2 की लागत को हॉलीवुड फिल्म एवेंजर्स एंडगेम के बजट के आधे से भी कम बताया गया है. जान लें कि यह किसी खगोलीय पिंड पर उतरने का इसरो का पहला अभियान है और यह 2008 में प्रक्षेपित चंद्रयान-1 की ही अगली कड़ी है. जान लें कि श्रीहरिकोटा से 15 जुलाई को तड़के दो बजकर 51 मिनट पर चंद्रयान-2 के प्रक्षेपण किया जायेगा.

तेलुगु मीडिया ने  640 टन वजनी जीएसएलवी मार्क-III (GSLV MK-III) रॉकेट को बाहुबली और  इसरो ने फैट बॉय  नाम दिया है.    375 करोड़ की लागत से बना यह रॉकेट 3.8 टन वजनी चंद्रयान-2 को लेकर उड़ेगा. चंद्रयान-2 की लागत 603 करोड़ है.  इसकी ऊंचाई 44 मीटर है जो 15 मंजिली इमारत के बराबर है. यह रॉकेट चार टन वजनी सेटेलाइट को आसमान में ले जाने में सक्षम है

स्पूतनिक ने कहा, चंद्रयान-2 की लागत  12.4 करोड़ डॉलर

भारत इस मिशन की सफलता के साथ अपने अंतरिक्ष अभियान में अमेरिका, रूस और चीन के समूह में आ जायेगा.   स्पूतनिक ने कहा, चंद्रयान-2 की कुल लागत करीब 12.4 करोड़ डॉलर है जिसमें 3.1 करोड़ डॉलर लांच की लागत है और 9.3 करोड़ डॉलर उपग्रह की.  यह लागत एवेंजर्स की लागत की आधी से भी कम है.  इस फिल्म का अनुमानित बजट 35.6 करोड़ डॉलर है.  भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के पूर्व प्रमुख के राधाकृष्णन ने कहा कि भारत का दूसरा मून मिशन चंद्रयान-2 रोबोटिक अंतिरिक्ष खोज की दिशा में देश का पहला कदम है और यह ज्यादा जटिल व पेचीदा है.

राधाकृष्णन ने कहा, इंडियन लैंड रोवर (विक्रम प्रज्ञान) कंबाइन रोबोटिक अंतरिक्ष खोज की दिशा में भारत का पहला कदम है और यह मिशन की तैयारी जारी है.  जाहिर हे कि यह मिशन ज्यादा जटिल है.   इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इन्फोरमेशन टेक्नोलोजी डिजाइन एंड मैन्यूफैक्चरिंग (आईआईआईटीडीएम), कांचीपुरुम के सातवें दीक्षांत समारोह में राधाकृष्णन ने कहा कि चांद की कक्षा की परिक्रमा करने वाला विक्रम कं पास करीब 6,000 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चांद की परिक्रमा करते हुए खुद स्वत: अपनी रफ्तार को कम और ज्यादा करने की क्षमता होगी और यह चांद के अपरिचित क्षेत्र में सुरक्षित उतर सकता है.

इसे भी पढ़ें –  चंद्रयान-2 का काउंटडाउन शुरू, 15 जुलाई को तड़के दो बजकर 51 मिनट पर रॉकेट भरेगा उड़ान

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