
Daltonganj : जमीन-जायदाद की लालच में लोग इस कदर अंधे हो जाते हैं कि किसी का खून बहाने से भी परहेज नहीं करते. पलामू जिले में कुछ इसी तरह घटना सामने आयी है. जिले के पाटन थाना क्षेत्र के नावाजयपुर गांव में जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में जमकर मारपीट हुई. इस दौरान धारदार हथियार से मारकर एक युवक की हत्या कर दी गयी, जबकि एक महिला गंभीर हो गयी. महिला को बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है. वहीं, हत्या के बाद से आरोपी फरार है.
लंबे समय से चल रहा था विवाद
पाटन के नावाजयपुर में नावाडीह निवासी भगवान दास और रूदीडीह निवासी विरेन्द्र गिरि के बीच लंबे समय से जमीन के लिए विवाद चल रहा था. गांव में भगवान अपना नया मकान बना रहा था. लेकिन विरेन्द्र को इसपर आपत्ति थी. रविवार की शाम विरेन्द्र विवादित स्थल पर पहुंचा और मकान निर्माण का उसने विरोध किया. इस मामले को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया. बात इतनी बढ़ गयी कि विरेन्द्र ने भगवान पर धारदार हथियार (टांगी) से हमला बोल दिया. बाद में भगवान के परिजनों ने विरेन्द्र की मां पर हमला बोल दिया. आनन-फानन में रात में ही दोनों को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां भगवान की मौत हो गयी.
पंचायत में रखी गयी थी बात
मामले को कई बार पंचायत में रखा गया था. इलाके की मुखिया सरिता देवी ने विवाद को सुलझाने का प्रयास किया था, लेकिन जमीन विवाद समाप्त होने की जगह और बढ़ता गया और हत्या की घटना हो गयी.
प्रशासन को दिखानी चाहिए सक्रियता : पूर्व सांसद
घटना की सूचना मिलने पर सोमवार को सदर अस्पताल पहुंचे पलामू के पूर्व सांसद मनोज भुइयां ने घटना पर दुख जताया और कहा कि ऐसे मामलों पर सिविल और पुलिस प्रशासन को सक्रियता दिखानी चाहिए, ताकि किसी तरह की हिंसक घटना ना हो. पलामू जिले में जमीन विवाद के कारण हिंसक घटनाएं होती रहती है. नावाजयपुर में ऐसा माहौल बना हुआ था तो प्रशासन को इसपर कार्रवाई करनी चाहिए थी. समय रहते इसपर नियंत्रण पा लिया जाता तो हत्या की वारदात नहीं होती.




