National

ICMR ने कहा- Corona पॉजिटिव सैंपल को नष्ट करने से पहले उन्हें 30 दिन तक रखा जाए सुरक्षित

New Delhi: भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने गुरुवार को सभी सरकारी लैब्स को सलाह दी कि जिन नमूनों के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, उन्हें नष्ट करने से पहले कम से कम 30 दिन के लिए सुरक्षित रखा जाए.

इसे भी पढ़ें- पलामू में कोरोना पॉजिटिव का अर्द्धशतक, लेकिन 48 हुए ठीक, गढ़वा में अंतिम संक्रमित की रिपोर्ट आयी निगेटिव

लैब को नष्ट किये गये नमूनों का रखना चाहिये रिकॉर्ड

सरकारी लैब में आरटी-पीसीआर तरीके से कोविड-19 जांच के लिए एकत्र किये गये सैंपल के स्टोर करने संबंधी दिशा-निर्देश में ICMR ने कहा है कि नष्ट करने से पहले सभी नमूनों को संक्रमण मुक्त करने के उचित तरीके का पालन किया जाना चाहिए. साथ ही लैब को नष्ट किये गये नमूनों का रिकॉर्ड रखना चाहिए.

दिशा-निर्देशों के अनुसार, जिन नमूनों को लंबे समय के लिए स्टोर किया जा रहा है, उन पर लैब की पहचान, नमूना लेने की तारीख आदि जानकारी लिखी होनी चाहिए. उसे सही तरीके से काम कर रहे फ्रीजर में शून्य से नीचे 80 डिग्री सेल्सियस तापमान पर रखा जाना चाहिए. स्टोर किये गये सैंपल की पूरी जानकारी, संभव हो तो डिजिटल रूप में रखना अनिवार्य है.

इसे भी पढ़ें- नियमित ट्रेनों का परिचालन 12 अगस्त तक रहेगा बंद, 100 फीसदी मिलेगा रिफंड

जांच की संख्या के साथ सैंपल की संख्या में भी काफी बढ़ोतरी

देश में जांच की संख्या बढ़ने के साथ ही नमूनों की संख्या में भी काफी वृद्धि हुई है. ऐसे में आइसीएमआर का कहना है कि कोविड-19 जांच किट का सत्यापन करने वाली लैब को सलाह दी जाती है कि इस काम को प्रभावी तरीके से करने के लिए वे अपने पास पर्याप्त संख्या में संक्रमित और संक्रमण मुक्त नमूने रखें. परिषद का कहना है कि लैब को नमूनों की जरुरत कोरोना वायरस पर अध्ययन और अनुसंधान के लिये पड़ सकती है.

इसे भी पढ़ें- Corona इलाज के लिये दवा बनाने के दावे के बाद पतंजलि आयुर्वेद ने किया अपना बचाव 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button