भोजपुर। रणवीर सेना के प्रमुख ब्रह्मेश्वर मुखिया की हत्या के मामले में सोमवार को सात लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है। मुखिया हत्याकांड की जांच कर रहे एक अधिकारी के अनुसार, भोजपुर जिले के ही विभिन्न गांवों से हिरासत में लिए गए उन सात लोगों पूछताछ की जा रही है। पुख्ता सबूत मिलने पर ही गिरफ्तारी होगी।
उल्लेखनीय है कि पिछले शुक्रवार को अज्ञात हथियारबंद लोगों ने रणवीर सेना के प्रमुख मुखिया की उनके ही आरा निवास के सामने गोली मारकर हत्या कर दी थी जब वे सुबह टहलने जा रहे थे। इसके बाद उत्तेजित लोगों ने जमकर उत्पात किया था। आरा में सैक़डों वाहनों में तो़डफो़ड की गई थी तथा कई सरकारी कार्यालयों में आाग लगा दी गई थी।
इसके बाद शनिवार को उनकी शव यात्रा में शामिल लोगों ने पटना में भी कई वाहनों को तो़ड दिया था और तीन सरकारी वाहनो को आग के हवाले कर दिया था। गौरतलब है कि इस हत्याकांड की जांच पांच पुलिस अधिकारी की एक दल कर रही है जिसका नेतृत्व एक पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारी कर रहे हैं।
मुखिया की शवयात्रा में शामिल उपद्रवियों पर होगी कार्रवाई : अभयानंद
पटना: ब्रह्मेश्वर सिंह मुखिया की हत्या के बाद और उनकी शव यात्रा के दौरान उपद्रव करने वालों के खिलाफ क़डी कार्रवाई की जाएगी जिसके लिए जांच प्रारंभ हो गई है। राज्य के पुलिस महानिदेशक अभयानंद ने सोमवार को पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि मुखिया की शवयात्रा में शामिल लोगों के हंगामा, तो़डफो़ड और आगजनी करने वालों की पहचान के लिए साक्ष्य एकत्र किये जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा की गई वीडियोग्राफी, अखबारों में प्रकाशित फोटो के कतरनों और मोटर साइकिल के नंबरों से उनकी पहचान कर ली गई है। पटना के अलग-अलग थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। उन्होंने कहा कि न्यायालय में भी इन सबूतों को पेश किया जायेगा। इन उपद्रवियों की पहचान के लिए छानबीन की जा रही है और इन पर कारवाई की जाएगी। अभयानंद ने कहा कि राज्य की विधि-व्यवस्था सामान्य हैं। कहीं तनाव की स्थिति नहीं है।
उल्लेखनीय है कि पिछले शुक्रवार को अज्ञात हथियारबंद लोगों ने रणवीर सेना के प्रमुख मुखिया की उनके ही आरा निवास के सामने गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके बाद उत्तेजित लोगों ने जमकर उत्पात किया था। आरा में सैक़डों वाहनों में तो़डफो़ड की गई थी तथा कई सरकारी कार्यालयों में आग लगा दी गई थी।




