बेरुत: लेबनान की राजधानी बेरुत में ईरानी दूतावास के समीप मंगलवार को हुए दोहरे कार बम विस्फोटों में एक ईरानी राजनयिक सहित 23 लोग मारे गए और कम से कम 145 अन्य घायल हो गए। यह जानकारी लेबनान के कार्यवाहक स्वास्थ्य मंत्री ने दी। सरकार संचालित नेशनल न्यूज एजेंसी (एनएनए) के हवाले से समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने खबर दी है कि कार्यवाहक स्वास्थ्य मंत्री अली हसन खलील ने बेरुत के दक्षिण उपनगरीय इलाके में ईरानी दूतावास भवन के समीप हुए विस्फोट में मारे गए लोगों की संख्या बढ़ने की आशंका जाहिर की है।
इससे पहले एनएनए ने कहा था कि स्थानीय समय के अनुसार सुबह 10:15 बजे पहला विस्फोट हुआ जिसके दो मिनट बाद दूसरा विस्फोट हुआ। दोनों विस्फोट आत्मघाती हमलावरों ने अंजाम दिए।
स्थानीय सुरक्षा सूत्रों ने अनुमान जाहिर किया है कि विस्फोट में करीब 100 किलोग्राम विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया है।
अल मयदीन टीवी के मुताबिक दूतावास के समीप एक भवन में विस्फोट के बाद भयंकर आग लग गई। नागरिक रक्षा दल के लोग भवन के अंदर फंसे लोगों को निकालने और आग पर काबू पाने के लिए घटना स्थल की ओर दौड़ पड़े।
लेबनान के कार्यवाहक प्रधानमंत्री नजीब मिकाती ने ईरान के लेबनान में राजदूत गजनफर रोकनाबादी को फोन कर मारे गए लोगों के प्रति शोक संवेदना व्यक्त की।
रोकनाबादी ने हमले में दूतावास के संस्कृति सलाहकार शेख इब्राहिम अल अंसारी के मारे जाने की पुष्टि की है।
एक बयान में रोकनाबादी ने कहा है कि ‘उन्हें इस बात पर कतई संदेह नहीं है कि विस्फोट के निशाने पर ईरानी दूतावास था।’ उन्होंने हमले का आरोप इजरायल पर लगाया है।
लेबनान की सेना गाइडेंस डाइरेक्ट्रेट ने एक संवाद में कहा है कि ‘बेरुत के दक्षिणी उपनगरीय इलाके में ईरानी दूतावास के समीप दो विस्फोट हुए जिससे कई लोग मारे गए हैं और भारी क्षति पहुंची है।’
सुरक्षा बलों ने घटनास्थल को घेर लिया है और प्रारंभिक जांच की जा रही है।
इस बीच ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मरजिएह अफखाम ने कहा कि बम हमला अमानवीय था और यह इजरायल और उसके आतंकवादी साथियों का घिनौना कारनामा है।
समाचार एजेंसी इरना के मुताबिक, मरजिएह अफखाम ने कहा, “तेहरान इस आपराधिक गतिविधि पर उचित विचार के बाद गंभीर उत्तर देगा।”




