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झारखंड के छोटे-बड़े 2717 लीजधारकों को आवंटित खदानों में काम बंद, 25 खदानों की लीज रद्द

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  • झारखंड में कुल 3901 लीजधारकों को आवंटित किये गये थे कोल ब्लॉक और खनिजों की खदानें
  • पाकुड़ में 10, चाईबासा में 13 और खूंटी में खदानों के दो लीजधारकों का लीज रद्द

Ranchi: झारखंड के छोटे-बड़े खदानों के 3901 लीजधारों में से 2717 लीजधारकों के खदानों से खनन का काम बंद हो गया है. इसके अलावा 25 लीजधारकों के खदानों की लीज भी रद्द कर दी गयी है. इसमें पाकुड़ में 10, खूंटी में दो और चाईबासा में 13 खदानों की लीज रद्द कर दी गयी है. बोकारो, धनबाद और गिरिडीह में 340 खदानों में खनन का काम बंद है. देवघर, दुमका, गोड्डा, जामताड़ा, पाकुड़ और साहेबगंज में 759 खदानों में खनन का काम बंद है. वहीं कोल्हान के अंतर्गत चाईबासा, जमशेदपुर और सरायकेला में 304 खदानें बंद हैं. पलामू प्रमंडल में गढ़वा, लातेहार और पलामू में 63 खदानें बंद हो गई हैं. गुमला, खूंटी, लोहरदगा, रांची और सिमडेगा में 492 खदानों में खनन का काम बंद है.

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प्रदेश की 57 कोयला खदानें बंद

प्रदेश में 57 कोयला खदानों में खनन का काम बंद है. कोल ब्लॉक के 199 लीज धारकों में सिर्फ 142 लीजधारकों को आवंटित खदानों में ही खनन का काम हो रहा है. इसमें सबसे अधिक धनबाद के 26 और बोकारो के 13 कोल ब्लॉक से खनन का काम बंद है. गोड्डा में आठ, रामगढ़ में तीन और रांची क्षेत्र में पड़ने वाले आठ कोल ब्लॉक से खनन बंद हो गया है.

दूसरे खनिजों की 88 खदानों में खनन बंद

प्रदेश के दूसरे खनिजों की 178 खदानों में सिर्फ 78 खदानों में ही खनन का काम हो रहा है. 88 खदानों से खनिज निकालने का काम बंद है. बोकारो में एक, धनबाद में 04, गोड्डा में 02, हजारीबाग में 02, रामगढ़ में 02, चाईबासा में 45, जमशेदपुर में 03, सरायकेला में 04, गढ़वा में 03, गुमला में 13, लोहरदगा में 09 और रांची में 01 खदानों में खनन का काम बंद है.

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एक लाख करोड़ की परियोजनाएं भी लंबित

कोल ब्लॉक सहित अन्य खदानों के बंद होने से प्रदेश में लगभग एक लाख करोड़ की परियोजनाएं भी लंबित हो गई हैं. मोमेंटम झारखंड के साथ तीन बार ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी भी हुई. सौ से अधिक एमओयू भी किये गये. लेकिन खदानों खासकर आयरन ओर और कोल ब्लॉक खुलने में अब भी पेंच फंसा हुआ है. वहीं दूसरे खनिज खदानों के लीजधारकों के पास 2040 करोड़ का बकाया है. इसकी भी राशि नहीं मिल पाई है. सरकार का तर्क है कि इन लीज धारकों ने खनन की शर्तों का अनुपालन नहीं किया, जिस कारण लीज का रिन्यूवल नहीं हो पाया.

राज्य में कितना कोयला है रिजर्व 

  1. राज्य में 80.36 बिलियन टन कोयला रिजर्व है.
  2. सीसीएल को आवंटित खदानों में 42.37 बिलियन टन कोयला रिजर्व है.
  3. बीसीसीएल को आवंटित खदानों में 19.43 बिलियन कोयला रिजर्व है.
  4. ईसीएल को आवंटित खदानों में 18.56 बिलियन टन कोयला रिजर्व है.

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किस जिले में कितनी खदानों पर काम, कितनी लीज रद्द

जिलाकुल लीजकितने खदान में खननकितने खदान बंदकितनी लीज रद्द
बोकारो1766311300
धनबाद26413612800
गिरिडीह2001019900
देवघर138568000
दुमका2409214800
गोड्डा66254100
पाकुड़31413417010
साहेबगंज40913927000
चतरा71531300
हजारीबाग123467700
कोडरमा1767510100
रामगढ़1981782000
चाईबासा1895012413
जमशेदपुर175779800
सरायकेला151698200
गढ़वा43291400
लातेहार25210400
पलामू137924500

 

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