West Bengal

पश्चिम बंगाल: कोरोना के 11 नये मामले सामने आये, संक्रमितों की संख्या हुई 49

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Kolkata : पश्चिम बंगाल में पिछले 24 घंटे के दौरान कोरोना संक्रमण के 11 नये मामले सामने आये हैं. इसके साथ ही राज्य में पीड़ितों की संख्या बढ़कर 49 हो गयी है. राज्य के मुख्य सचिव राजीव सिन्हा ने शनिवार अपराह्न राज्य सचिवालय नवान्न में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि पिछले 24 घंटे के दौरान राज्य में कोरोना महामारी की वजह से किसी की भी मौत नहीं हुई है.

सिन्हा के अनुसार 24 घंटे में जो 11 नये मामले कोरोना संक्रमण के आये हैं, उनमें से कलिंगपोंग में एक ही परिवार के 6 लोग हैं. बाकी अलग-अलग जिले के हैं. बेलियाघाटा आईडी अस्पताल में 24 लोग इलाजरत हैं.

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संक्रमण की जांच के लिए 7 केंद्र बनाये गये

इस महामारी से मुकाबले के लिए राज्य सरकार की तैयारियों के बारे में जानकारी देते हुए सिन्हा ने बताया कि राज्य सरकार ने पूरे राज्य में संक्रमण की जांच के लिए 7 केंद्र बनाये हैं.

इसमें से 5 सरकारी हैं और दो गैर सरकारी. उन्होंने बताया कि 50,000 मास्क, 8000 लीटर सेनिटाइजर और 13000 पर्सनल प्रोटेक्टिव इक्विपमेंट राज्य के विभिन्न जिलों के अस्पतालों में भेजा जा रहा है. राज्य के कुल 59 अस्पतालों में कोरोना की चिकित्सा हो रही है. इसमें से चार कोलकाता में हैं और 55 प्रदेश के अन्य हिस्सों में हैं.

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राज्य भर में कुल 516 क्वॉरेंटाइन सेंटर बनाये गये

सिन्हा ने यह भी बताया कि राज्य में 59 हजार से अधिक लोग होम क्वॉरेंटाइन हैं. जबकि राज्य भर में कुल 516 क्वॉरेंटाइन सेंटर बनाये गये हैं. सरकारी क्वॉरेंटाइन सेंटर में कुल 2626 लोग हैं, जबकि 3036 लोग होम क्वॉरेंटाइन से मुक्त हो गये हैं. सिन्हा ने बताया कि राज्य सरकार ने इस महामारी से मुकाबले के लिए कई योजनाएं बनाई हैं, जिनके क्रियान्वयन के लिए नियमित समीक्षा बैठकें की जा रही हैं.

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हालांकि जब उनसे पूछा गया कि राज्य सरकार द्वारा दिया गया आंकड़ा बंगाल में पीड़ितों से संबंधित केंद्र सरकार के आंकड़ों से अलग है, तो उनका कहना था कि लोग राज्य सरकार के आंकड़े को मानेंगे या केंद्र सरकार के आंकड़े को मानेंगे, इस बारे में वह टिप्पणी करना नहीं चाहते हैं.

किसी की हालत गंभीर नहीं है

राजीव सिन्हा के साथ राज्य स्वास्थ्य विभाग के विशेषज्ञ डॉक्टर अरिजीत चौधरी भी थे. उन्होंने कहा कि राज्य के विभिन्न अस्पतालों में जो लोग भी कोरोना संक्रमण से पीड़ित हैं, उनमें से किसी की भी हालत गंभीर नहीं है. उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण को लेकर चिकित्सक पूरी परिस्थिति को गंभीरता से ले रहे हैं.

जिन लोगों की भी मौत राज्य में कोरोना संक्रमण की वजह से हुई है, उनकी हालत पहले से गंभीर थी.

उन्होंने कहा कि जो लोग भी कोरोना संक्रमण के संदिग्ध लक्षणों से पीड़ित है उन्हें सतर्क रहना होगा. उन्होंने आशंका जताई है कि राज्य में कोरोना संक्रमण के मामले और बढ़ सकते हैं.

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