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Mango Municipal Corporation : आबादी ढाई लाख, जलापूर्ति चार करोड़ 80 लाख लीटर प्रतिदिन, फिर भी समस्या बरकरार

Jamshedpur : जमशेदपुर में गर्मी की आहट के साथ ही पेयजल की समस्या अधिकांश स्थानों में शुरू होने लगती है. सिर्फ टाटा कंपनी के कमांड एरिया में नियमित जलापूर्ति होती है, लेकिन मानगो, डिमना रोड, परसूडीह समेत बाकी जगहों पर पेयजल का घोर संकट पैदा हो जाता है. खासकर मानगो क्षेत्र में अत्यधिक दोहन की वजह से भूगर्भीय जल का स्तर गर्मी के समय में काफी नीचे चला जाता है. इनमें शंकोसाई, टीचर्स कॉलोनी, डिमना बस्ती, पोस्ट ऑफिस रोड, उलीडीह जैसे क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं.
डीप बोरिंग, पाइप लाइन में लीकेज, अवैध कनेक्शान से भी समस्या
जानकार बताते हैं कि मानगो के इलाके में बनाये गये अपार्टमेंटों में जरूरत से ज्यादा डीप बोरिंग किया जाना भी जलसंकट के प्रमुख कारणों में एक है. इसका खामियाजा पूरे मानगो क्षेत्र के लोगों को भुगतना पड़ रहा है. जलापूर्ति पाइप लाइन में लीकेज एवं अवैध जल कनेक्शन भी पानी की बर्बादी का प्रमुख कारण है. हालांकि नगर निगम की ओर से टीम गठित कर वार्डवार पदाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की गयी है, लेकिन पाइपलाइन के लीकेज को रोकने में सफलता नहीं मिली है.
मानगो नगर निगम : ढाई लाख की आबादी, कुल कनेक्शन 23100


मानगो क्षेत्र में जलापूर्ति के कुल 23100 कनेक्शन हैं. नगर निगम द्वारा लगभग ढाई लाख की आबादी वाले मानगो क्षेत्र को रोजाना चार करोड़ 80 लाख लीटर पानी सप्लाई की जाती है. मानगो क्षेत्र के अपार्टमेंट्स में फ्लैटों की संख्या और पानी की खपत के आधार पर सप्लाई की जाती है. हालांकि एक अपार्टमेंट में एक ही कनेक्शन दिया जाता है. मानगो क्षेत्र में लगाये गये कुल 295 चापाकलों में 50 चापाकल खराब पड़े हुए हैं. इनकी मरम्मत का काम कराया जा रहा है. इसके अलावा जिन इलाकों में ज्यादा समस्या होती है, वहां टैंकर से पानी आपूर्ति की व्यवस्था की जाती है.
शिकायतों का निबटारा 24 घंटे में करें
मानगो नगर निगम पेयजलापूर्ति संबंधी समस्याओं के निराकरण के लिए तत्पर रहता है. निगम के कार्यपालक पदाधिकारी ने सभी प्रतिनियुक्त पदाधिकारी को पानी की समस्या से संबंधित शिकायतों का निष्पादन 24 घंटे में करने का निर्देश जारी किया है. नये कनेक्शन के लिए आनेवाले आवेदनों को भी 24 घंटे में निपटाने का निर्देश है. पानी के नये कनेक्शन का शुल्क जमीन के क्षेत्रफल के अनुसार निर्धारित है. वाटर मीटर के लिए 1150 रुपया लिया जाता है. पानी का शुल्क 9 रुपया प्रति हजार लीटर की दर से चार्ज किया जाता है. हालांकि वैसे पुराने कनेक्शन, जहां वाटर मीटर नहीं लगा है, वहां प्रति माह 125 रुपया जलकर की वसूली की जाती है.
डिमना लेक के जलस्तर में भी आयी कमी
इधर गर्मी शुरू होने के पहले ही डिमना लेक का जलस्तर तेजा से घट रहा है. यदि जलस्तर घटने की यही रफ्तार रही, तो बड़ी समस्या खड़ी हो जायेगी. स्थानीय लोगों के अनुसार डिमना लेक की सफाई नहीं होने के कारण इसमें गाद और गंदगी भर गयी है और लेक की गहराई कम हो गयी है.

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