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टीएमसी ने निर्वाचन आयोग से पूछा, क्या राज्य में आपातकाल लग गया है?

NewDelhi : पश्चिम बंगाल में आदर्श आचार संहिता के लागू रहने तक केंद्रीय बलों की तैनाती की भाजपा की मांग पर सवाल खड़े करते हुए तृणमूल कांग्रेस ने मंगलवार को निर्वाचन आयोग से पूछा कि क्या राज्य में आपातकाल की घोषणा हो गयी है. विपक्षी दलों के एक प्रतिनिधिमंडल ने निर्वाचन आयोग से मुलाकात की और हाल में संपन्न लोकसभा चुनाव की 23 मई को मतगणना से पहले औचक रूप से चुने गये मतदान केंद्रों की वीवीपैट पर्चियों की पुष्टि करने की मांग की.

सूत्रों ने बताया कि तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सदस्य डेरेक ओ ब्रायन ने निर्वाचन आयोग के समक्ष केंद्रीय बलों का मुद्दा उठाया और मांग की कि निर्वाचन आयोग कार्रवाई करें.सूत्रों के अनुसार, डेरेक ओ ब्रायन ने निर्वाचन आयोग से कहा, भाजपा के मंत्री ने घोषणा की कि केंद्रीय बल बंगाल में एक और सप्ताह रहेंगे. क्या भाजपा ने बंगाल में आपातकाल की घोषणा कर दी है?

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  भाजपा-आरएसएस के सदस्य प्रताड़ित कर रहे हैं

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केंद्रीय बलों के छद्म रूप में भाजपा-आरएसएस के सदस्य नागरिकों को प्रताड़ित कर रहे हैं. बंगाल के लिए विशेष नियम क्यों? यह स्वीकार नहीं है.’ बता दें, रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने 19 मई को एक संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि भाजपा चिंतित है कि मतदाताओं को डराया-धमकाया गया और असल मतदाताओं को वोट नहीं डालने दिया गया.

उन्होंने कहा, इन मुद्दों से निपटने के लिए भाजपा आदर्श आचार संहिता लागू रहने तक राज्य में केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती की मांग करती है. सूत्रों ने बताया कि कुछ केंद्रीय बल 23 मई को मतगणना तक सामान्य रूप से राज्य में रहेंगे. आदर्श आचार संहिता 25 मई तक लागू है.

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तृणमूल कांग्रेस के नेता अपना आपा खो बैठे हैं

वहीं दूसरी ओर भाजपा ने रविवार को लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण में तृणमूल कांग्रेस पर हिंसा करने का आरोप लगाते हुए कई बूथों पर फिर से मतदान कराने की मांग की. पश्चिम बंगाल में नौ सीटों के लिए रविवार को हुए मतदान में 72 प्रतिशत से ज्यादा लोगों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया. भाजपा के वरिष्ठ नेता मुकुल रॉय ने कहा,  डायमंड हार्बर, उत्तरी कोलकाता, दक्षिणी कोलकाता, जाधवपुर, बसीरहाट, मथुरापुर और जॉयनगर में काफी हिंसा हुई है. तृणमूल कांग्रेस के गुंडों ने ज्यादातर बूथों पर वोट नहीं डालने दिया. हम कई बूथों पर पुन: मतदान चाहते हैं

भाजपा के महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने कहा, तृणमूल कांग्रेस को हार का डर है, इसलिए वह हिंसा पर उतारू है. तृकां द्वारा भाजपा पर हिंसा का आरोप लगाये जाने पर पश्चिम बंगाल भाजपा के अध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा, हार देखते हुए तृणमूल कांग्रेस के नेता अपना आपा खो बैठे हैं. यहां स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए केन्द्रीय बल मौजूद हैं. अगर उन्हें जीत का इतना भरोसा है तो तृणमूल कांग्रेस के गुंडे लोगों को वोट देने से क्यों रोक रहे थे?

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