Education & CareerJharkhandRanchiTop Story

ब्रदर्स एकेडमी के शिक्षक का कारनामा- फिजिक्स से किया BSc, किताब में दी मैथ्स से PG करने की जानकारी

Ranchi : कोचिंग संस्थानों में फर्जीवाड़ा थमने का नाम नहीं ले रहा है. कभी सिलेबस के नाम पर फर्जीवाड़ा, तो कभी बच्चों को बिना योग्यता के ही आईआईटी और मेडिकल की तैयारी करा रहे हैं कोचिंग संस्थान. ऐसा ही एक मामला रांची शहर के प्रचलित कोचिंग संस्थान ब्रदर्स एकेडमी के शिक्षक शुवेंदु शेखर का आया है. जिन्होंने बच्चों को बीच अपनी छवि बनाने के लिए योग्यता की गलत जानाकरी दी है. वहीं शिक्षा जगत में अपनी पहचान स्थापति करने के लिए मैथ्स की एक किताब में खुद को पीजी पास बताया है.

इसे भी पढ़ें- 6 साल पुराने रिश्वत केस में जिंदल-चंद्रा के बीच सुलह, बीजेपी में शामिल होंगे नवीन जिंदल ?

शिक्षक ने भौतिकी से किया है बीएससी

SIP abacus

 ब्रदर्स एकेडमी के शिक्षक का कारनामा- फिजिक्स से किया BSc, किताब में दी मैथ्स से PG करने की जानकारी

Sanjeevani
MDLM

गौरतलब है कि आईआईटी-जेईई के तैयारी के लिए लक्ष्मी पब्लिकेशन की किताब कैलकुलस जिसके लेखक एस तिवारी हैं. लेखक एसके तिवारी भी ब्रदर्स एकेडमी के शिक्षक हैं, उन्होंने अपनी किताब में ब्रदर्स एकेडमी के शिक्षक शुवेंदु शेखर की योग्यता की गलत जानकारी दी है. किताब में लेखक ने अपने धन्यवाद ज्ञापन में शिक्षक शुवेंदु शेखर को मैथ्स में पीजी (1994 बैच ) में पास बताया है, जबकि ऐसा नहीं है. उल्लेखनीय है कि न्यूज विंग ने शुवेंदु शेखर के शैक्षणिक योग्यता के बारे में खुलासा किया था कि वे फिजिक्स से बीएससी पास होने बाद वो कैसै बच्चों को मैथ्स पढ़ा सकते हैं. ब्रदर्स एकेडमी में पढ़ने वाले ज्यादात्तर बच्चों को एस तिवारी की इस कि

ताब को दिया जाता है. वहीं हरिओम टॉवर स्थित किताब दुकान में भी इसे उपलब्ध कराया जाता है ताकि अन्य संस्थानों के बच्चों को भी दिया जा सके. किताब के लेखक एस तिवारी से न्यूज विंग ने संपर्क कर उनका पक्ष लेना चाहा तो उनका मोबाइल बंद था.

इसे भी पढ़ें- दिन भर गांजा पी कर जहां-तहां रात गुजारते हैं रविन्द्र पांडे- ढुल्लू महतो

क्या है किताब का फंडा

कैलकुलस की इस किताब में कई किताबों के प्रश्न-पत्र एवं उनके कॉसेप्ट लिया गया है, जिसका रेफरेंस इस किताब में नहीं दिया गया है. बच्चों को ब्रर्दस एकेडमी में पढ़ाई के दौरान इस किताब के प्रश्न-पत्र को हल करने कहा जाता है. इस किताब में ज्यात्तर प्रश्न-पत्र आईआईटी-जेईई के पिछले साल के प्रश्न होते हैं. किताब का दाम 695 रुपये रखा गया है ताकि कोचिंग में पढ़नेवाले छात्र इसे खरीदें और किताब की रॉयल्टी शिक्षक को ज्यादा मिल सके. वहीं इस किताब के माध्यम से शिक्षकों का प्रचार-प्रसार किया जाता है ताकि छात्रों और अभिभावकों के बीच इनकी छवि को स्थापति किया जा सके.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

Related Articles

Back to top button