न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

अवैध खनन पर रोक के लिए टास्क फोर्स की कार्रवाई, बगैर कागजात सात वाहन पकड़ाये

जिला प्रशासन द्वारा अवैध खनन पर रोक लगाने को लेकर सख्त कार्रवाई प्रारंभ कर दी गयी है.

384

 Dumka : जिला प्रशासन द्वारा अवैध खनन पर रोक लगाने को लेकर सख्त कार्रवाई प्रारंभ कर दी गयी है. गुरुवार को जिला प्रशासन की ओर से सात सदस्यीय टास्क फोर्स ने नक्सल प्रभावित क्षेत्र शिकारीपाड़ा के कुलकुलीडंगाल सहित आस-पास के क्षेत्रों में पहुंच कर सर्वेक्षण किया. टीम का नेतृत्व डीटीओ विद्याभूषण कर रहे थे. हालांकि जिला प्रशासन को आज खास हाथ नहीं लगा. लौटने के क्रम में टीम ने अवैध पत्थर लदे वाहनों की जांच प्रारंभ की. टीम ने ओवर लोडिंग सहित बगैर कागजात के कुल सात वाहनों को पकड़ा. जिसमें दो ट्रक बिना नंबर के पाये गये. पूछताछ के क्रम में बताया कि बिना नंबर के ही उनके वाहन चलते हैं.

इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि अवैध कारोबारियों के हौंसले कितने बुलंद हैं. जिला प्रशासन की कार्रवाई के साथ ही उनकी कार्यशैली पर सवाल खड़ा होने लगा है. बता दें कि शिकारीपाड़ा के सीमावर्ती क्षेत्र एवं पश्चिम बंगाल के सीमा से सटे होने एवं बकरीद पर्व को लेकर वैध एवं अवैध रूप से चल रही खदानें बंद थी.  टीम में डीएमओ दिलीप तांती, डीटीओ विद्याभूषण, बीडीओ अरविंद कुमार, सीओ अजफर हुसैन, डीएसपी टू संतोष कुमार सहित  अऩ्य शामिल थे.

इसे भी पढ़ेंःगिरिडीह लोकसभाः 2500 परिवारों से रोजगार छिन गया, मजदूरों के साथ भी हुआ अन्याय, पार्टी कार्यकर्ता भी हुए नाराज

मई में अवैध खनन में विस्फोट से पांच मजदूरों की मौत हो गयी थी

बता दें कि बीच-बीच में जिला प्रशासन इस प्रकार की कार्रवाई करता रहा है. इसके बावजूद अवैध रूप से सैंकड़ो खदान जारी है. बीते मई माह में अवैध खनन में विस्फोट से पांच मजदूरों की मौत हो गयी थी. वहीं कई छोटी-मोटी घटनाएं प्रकाश में नहीं आ पाती हैं. अवैध पत्थर लदे वाहनों के विरुद्ध हो रही कार्रवाई के क्रम में भी दर्जनों पत्थर लदे वाहनों के मालिक व चालक अपने वाहनों को प्रशासन के चंगुल से निकाल ले जाने में सफल हो जाते हैं. जिला प्रशासन हाथ मलने के सिवाय कुछ भी नहीं कर पाता है.

उपायुक्त के निर्देशानुसार सात सदस्यीय टीम अवैध खनन को लेकर सर्वेक्षण करने पहुंची थी. जिला प्रशासन को अवैध खनन को लेकर कई शिकायतें मिली हैं. अवैध खनन एवं वैध खनन जिनकी लीज समाप्त हो गयी है, उनके विरुद्ध कठोर से कठोर कार्रवाई की जायेगी. अवैध खनन पर रोक लगाने को लेकर जिला प्रशासन द्वारा निरंतर कार्रवाई की जायेगी.  : विद्याभूषण, डीटीओ

जिला प्रशासन की कार्रवाई महज खानापूर्ति है. जिला प्रशासन की कार्रवाई की सूचना अवैध कारोबारियों को पूर्व से   प्रतीत हो रही है. बकरीद पर्व को लेकर अधिकांश पाकुड़ जिला निवासी मजदूर  अवकाश लेकर जा चुके हैं. प्रखंड के पूर्वी क्षेत्र में पर्यावरण, दिल्ली की टीम का जांच के लिए आने की अफवाह के कारण भी कई खदानें बंद पड़ी थी.  : गया साह, केंद्रीय उपाध्यक्ष, झारखंड विकास दल, दुमका 

इसे भी पढ़ेंः झारखंड के गांव-गांव की आम कहावत “मनरेगा में जो काम करेगा वो मरेगा”

 

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Comments are closed.

%d bloggers like this: