JharkhandKhas-KhabarRanchi

महिला एवं बाल विकास के अवर सचिव का 40 दिन पहले हुआ ट्रांसफर, अब भी बने हुए हैं अपने पुराने पद पर

Ranchi : राज्य के महिला और बाल विकास के एक अधिकारी तबादले के बाद भी अपनी पुरानी पोस्टिंग वाली जगह में काबिज हैं. 40 दिन बाद भी अवर सचिव लालो प्रसाद विभाग में बजट, आवंटन और स्वीकृत्यादेश जैसी फाइलों का निबटारा कर रहे हैं.

इनके मार्फत ही आंगनबाड़ी केंद्रों में चलनेवाले पोषाहार कार्यक्रम के लिए भी राशि आवंटित की जाती है. सूत्रों का कहना है कि कुशवाहा विभागीय प्रमुख के करीबी भी हैं. इस वजह से वे अपनी पुरानी पोस्टिंग वाली जगह में ही बने हुए हैं. अमूमन ट्रांसफर के बाद कोई भी अधिकारी पोस्टिंग के बाद अपनी पुरानी जगह पर नहीं बने रह सकते हैं.

इसे भी पढ़ें- झारखंड में 15 लाख 4 हजार 408 मतदाताओं का अबतक नहीं बन पाया है वोटर आइडी

महाधिवक्ता कार्यालय में की गयी है पोस्टिंग

अवर सचिव कुशवाहा को सरकार की ओर से प्रोन्नति देते हुए महाधिवक्ता कार्यालय में पोस्टिंग दी गयी थी. इसके बाद भी उन्होंने नयी पोस्टिंग वाली जगह पर अपना योगदान नहीं दिया. यह दलील दी गयी कि महाधिवक्ता कार्यालय में अपर सचिव का पद ही नहीं है. इतना ही नहीं नयी पोस्टिंग वाली जगह में महालेखाकार कार्यालय की ओर से पहला वेतन पर्ची निर्गत होता है. इसमें काफी झमेला है.

इसे भी पढ़ें- लोकसभा चुनाव 2019 : 20 राज्यों की 91 सीटों पर पहले चरण की वोटिंग शुरू

क्या कहते हैं अवर सचिव

अवर सचिव लालो प्रसाद का कहना है कि उन्होंने पोस्टिंग को लेकर अपना रीप्रेजेंटेशन कार्मिक, प्रशासनिक और राजभाषा सुधार विभाग को दे दिया है. अब जब तक कार्मिक विभाग की तरफ से कोई आदेश नहीं निकलता है, तब तक वे नव स्थानांतरित जगह पर योगदान नहीं देंगे. उनका कहना है कि सरकार की ओर से दी गयी प्रोन्नति जायज है, पर पोस्टिंग सोच समझ कर की जानी चाहिए. उनका कहना है कि ऊपर से आदेश होगा तो वे नयी जगह पर योगदान दे देंगे.

Telegram
Advertisement

Related Articles

Back to top button
Close