न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

साहेबगंज : पुरानी पेंशन बहाली को लेकर राष्ट्रीय आंदोलन शुरू

धरना का मुख्य उद्देश्य राजमहल विधायक अनंत ओझा का समर्थन प्राप्त करना है.

1,207

Sahibganj : वर्ष 2004 के बाद सरकारी सेवा में योगदान करने वाले कर्मचारियों अधिकारियों के लिए अंशदायी पेंशन योजना को समाप्त कर पुन: पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग को लेकर एक दिवसीय उपवास के साथ-साथ धरना का कार्यक्रम का आयोजन किया गया..

साहेबगंज स्टेशन चौक पर रविवार को जिले के तमाम सरकारी कर्मचारी द्वारा सामूहिक उपवास रखा गया किया. उपवास के साथ-साथ धरना का कार्यक्रम आयोजित किया गया. धरना का मुख्य उद्देश्य राजमहल विधायक अनंत ओझा का समर्थन प्राप्त करना है.

इसे भी पढ़ें : ईडी ने एनोस एक्का के एयरपोर्ट रोड स्थित आवास पर फिर चिपकाया नोटिस

hosp3

न्यूनतम पेंशन की नहीं है कोई गारंटी

पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय आंदोलन के जिला संयोजक लाउस हांसदा ने जानकारी देते हुए बताया की दिनांक 1.1.2004 के बाद केंद्र सरकार तथा 1.12.2004 के बाद राज्य सरकार के अंतर्गत सरकारी सेवा में योगदान देने वाले कर्मचारियों अधिकारीयों के लिये अंशदायी पेंशन योजना लागू की गयी है. विदित हो की इस योजना के अंतर्गत सेवानिवृत होने वाले सरकारी सेवकों के लिये न्यूनतम पेंशन की कोई गारंटी नहीं है तथा कर्मचरियों से कटौती की गई. राशी न्यूतम ब्याज की भी कोई व्यवस्था नहीं है. जिससे इस योजना के अंतर्गत आने वाले सरकारी सेवकों में हमेशा अपने बुढ़ापे को लेकर सामाजिक व आर्थिक असुरक्षा की चिंता बनी रहती है.

एक सरकारी सेवक अपनी पूरी युवा अवस्था समाज व सरकार की सेवा में लगा देता है तथा उम्र के अंतिम पड़ाव में उसे असुरक्षित पेंशन योजना के भरोसे छोड़ देने से उसे आर्थिक विपन्नता का शिकार होना पड़ेगा जो की भारतीय संविधान में वर्णित लोक कल्याणकारी राज्य की संकल्पना के विपरीत है.

इसे भी पढ़ें : निगम अंतर्गत पार्कों के सौंदर्यीकरण के लिए सांसद नकवी ने दिये 1.63 करोड़ रुपये

इसलिए इन्होंने सामूहिक उपवास कर व धरना देकर राजमहल विधायक अनंत ओझा से समर्थन देने की अपील की साथ ही इनकी मांग पुरानी पेंशन योजना बहाल करने के लिये मुख्यमंत्री जी को पत्र लिखकर भावनाओ से अवगत कराते हुए आत्मीय समर्थन देने की अपील की.

कौन कौन हुए शामिल

केशीयर उतम कुमार सह संयोजक श्री मनोहर शर्मा, राम रेखा कुमार, मुरलीधर रजक, रितेश कुमार, प्रभात कुमार, रेणु कुमारी, आरती कुमारी, रजनीकांत दिवेदी,  मो मंसूर आलम, मो गोलाम जिलानी, चांद मुर्मू, स्नेहलता राज व कई लोग शामिल हुए.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

You might also like
%d bloggers like this: