न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

आरएसएस प्रमुख ने कहा- विपक्ष राम मंदिर का नहीं कर सकता विरोध

'भगवान राम बहुसंख्यक जनसंख्या के इष्टदेव'

122

Haridawar: राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने कहा है कि विपक्षी पार्टियां भी अयोध्या में राम मंदिर का खुलकर विरोध नहीं कर सकतीं. क्योंकि वह देश की बहुसंख्यक जनसंख्या के इष्टदेव हैं. भागवत ने सोमवार को यहां पतंजलि योगपीठ में संघ के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राममंदिर निर्माण के प्रति संघ और भाजपा की प्रतिबद्धता जाहिर की. साथ ही यह भी कहा कि कुछ कार्यों को करने में समय लगता है.

इसे भी पढ़ेंःकेंद्र सरकार और किसान नेताओं में बनी बात, चार मांगों पर सहमति

सरकार की भी अपनी सीमाएं हैं

उन्होंने कहा कि कुछ कार्य करने में देरी हो जाती है और कुछ कार्य तेजी से होते हैं वहीं कुछ कार्य हो ही नहीं पाते क्योंकि सरकार में अनुशासन में ही रहकर कार्य करना पडता है. सरकार की अपनी सीमाएं होती हैं. संघ प्रमुख ने कहा कि साधु और संत ऐसी सीमाओं से परे हैं. उन्हें धर्म, देश और समाज के उत्थान के लिये कार्य करना चाहिए.

मंदिर का विरोध विपक्ष नहीं कर सकता

यहां ‘साधु स्वाध्याय संगम’ को संबोधित करते हुए भागवत ने कहा कि विपक्षी पार्टियां भी अयोध्या में राम मंदिर का खुल कर विरोध नहीं कर सकतीं, क्योंकि उन्हें मालूम है कि भगवान राम बहुसंख्यक भारतीयों के इष्टदेव हैं. हालांकि, उन्होंने कहा -सरकार की सीमायें होती हैं. देश में अच्छा काम करने वाले को कुर्सी पर बना रहना पड़ता है. मगर देश में यह वातावरण है कि यह काम नहीं हुआ तो कुर्सी तो जायेगी. कुर्सी पर बैठा कौन है, यह महत्त्वपूर्ण है.

इसे भी पढ़ेंःकिसानों की पिटाई से शुरू हुआ भाजपा का गांधी जयंती समारोह : राहुल

इस मौके पर दिये अपने संबोधन में योगगुरू स्वामी रामदेव ने कहा कि जहां मंत्री और अमीर लोग अक्सर विफल हो जाते हैं, वहां साधु सफल होते हैं. उन्होंने कहा कि देश का वजीर और अमीर साधु संतों की उपेक्षा कर रहे हैं. हमको इन वजीरों और अमीरों से कोई आशा नहीं है. जो काम वजीर और अमीर नहीं कर पाते, वह काम साधु संत करने में सक्षम हैं.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Comments are closed.

%d bloggers like this: