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चीनी सामान के आयात के कारण भारत में हर साल खत्म हो रही है 2 लाख नौकरियां : संसद स्थायी समिति की रिपोर्ट

यह रिपोर्ट शिरोमणि अकाली दल के नरेश गुजराल की अध्यक्षता वाली संसद की वाणिज्य संबंधी स्थायी समिति की है.

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New Delhi: देश में हर साल लाखों नौकरियां जा रही हैं. भारतीय अर्थव्यवस्था को हर साल लाखों करोड़ो रूपये का नुकसान भी हो रहा है. देश में दो लाख लोगों का रोजगार सिर्फ सोलर पैनल के आयात से खत्म हो गया है. यह रिपोर्ट शिरोमणि अकाली दल के नरेश गुजराल की अध्यक्षता वाली संसद की वाणिज्य संबंधी स्थायी समिति की है. उन्होंने अपनी रिपोर्ट में बतलाया है कि चीनी सामान के आयात का भारत के उद्योग जगत पर असर हुआ है.

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चीन सोलर पैनल में एंटीमनी जैसे खतरनाक रसायन

समिति ने पाया कि ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (बीआईएस) जैसी संस्थाएं घटिया चीनी कम्पनी है. जबकि हमारे निर्यात को चीन सरकार काफी ज्यादा फीस वसूलने और बहुत देरी के बाद ही चीनी बाजार में प्रवेश करने देती है.

भारत  2011-12 तक जर्मनी, फ्रांस, इटली को सोलर पैनल एक्सपोर्ट करता था. लेकिन भारत से सोलर पैनल का एक्सपोर्ट चीन की डंपिंग के चलते रुक गया है. चीन से इंपोर्ट होने वाले सोलर पैनल में एंटीमनी जैसे खतरनाक रसायन होते हैं, जिनके आयात की अनुमति नहीं होनी चाहिए.

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भारत के व्यापारियों पर संकट

भारत के व्यापारियों पर संकट आने वाला है. घरेलू फैक्ट्री या तो अपने प्रोडक्शन में कटौती कर रही हैं या पूरी तरह बंद हो रही है. ऐसा माना जा रहा है की इसका एक मात्र कारण भारत में चीन से ज्यादा आयात होना. समिति ने कहा है कि वह देश में देश के छोटे और मध्यम कारोबार और उद्योग खत्म होते नहीं देखना चाहती. सोलर पैनल के अलावा स्टील, कपड़ा, पटाखे, साइकिल, खिलौना और दवाई जैसे उद्योगों को भी चीनी सामानों से नुकसान पहुंचा है.

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चीन से आयात बीस फीसदी की दर से बढ़ रहा है

2017-18 में चीन के साथ व्यापार घाटा 63 अरब डॉलर का हो गया है. जबकि पिछले साल यह 51 अरब डॉलर था. हमारा चीन को निर्यात महज 2.5 अरब डॉलर का बढ़ा है. जबकि आयात 50 अरब डॉलर का यह पिछले दस सालों के दौरान का आंकडा है. 2013-14 में हमारे कुल आयात का 11.6 फीसदी चीन से होता था, 2017-18 में यह बढ़कर 20 फीसदी हो गया है. 2013-14 में चीन से आयात की विकास दर 20 फीसदी हो गई है जो पहले 9 फीसदी थी.

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