NEWS

बिजली संविदा कर्मियों के हड़ताल पर जाने से प्रभावित होगा मरम्मत कार्य, अलग-अलग एरिया बोर्ड में हड़ताल की तैयारी में संघ

Ranchi. झारखंड ऊर्जा विकास श्रमिक संघ की ओर से अलग-अलग विद्युत आपूर्ति क्षेत्रों में बैठक की जा रही हैं. इन बैठकों में मुख्य रूप से बिजली के संविदा कर्मियों के मुद्दे पर चर्चा की जा रही है. संघ की ओर से पहले से जेबीवीएनएल को अल्टीमेट दिया गया है. जिसमें संविदा कर्मियों को 15 सितंबर तक सभी भुगतान करने की मांग की गयी है.

हड़ताल करेंगे संविदा कर्मी

संघ की ओर से शुक्रवार को कुसई कॉलोनी में बैठक में की गयी. जिसमें संविदा कर्मी भी उपस्थित रहे. संघ के अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि जेबीवीएनएल को पिछले महीने से ही लगातार अल्टीमेटम दिया जा रहा है. अभी तक संविदा कर्मियों के भुगतान पर कोई कार्रवाई नहीं की गयी है. जबकि 2017 से ही संविदा कर्मियों का एरियर और मासिक मानदेय भुगतान नहीं किया गया है.

Catalyst IAS
ram janam hospital

इसे भी पढ़ें- पूर्व मंत्री सरयू राय ने डीजीपी को लिखा पत्र, कहा- माहेश्वरी हत्याकांड की हो उच्चस्तरीय जांच

The Royal’s
Sanjeevani
Pushpanjali
Pitambara

उन्होंने कहा कि बैठक में सर्वसम्मित से निर्णय लिया गया कि 15 सिंतबर तक अगर संविदा कर्मियों को भुगतान नहीं किया जाता है, तो कर्मी अनिश्चिकालीन हड़ताल करेंगे. संविदा कर्मियों ने इसमें सहयोग की बात की है. बता दें संविदा कर्मियों के हड़ताल पर जाने से बिजली मरम्मत कार्य प्रभावित हो सकता है.

रांची से की जायेगी शुरुआत

संघ के अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि पूरे राज्य के सभी एरिया बोर्ड ट्रांसमिशन में हालात इसी तरह है. साल 2017 से संविदा कर्मियों का बकाया भुगतान नहीं किया गया है. वहीं पिछले कुछ महीने से इन कर्मियों का मासिक मानदेय भी बकाया है. ऐसे में हड़ताल की शुरुआत रांची विद्युत आपूर्ति क्षेत्र से की जायेगी. जिसमें लगभग 1400 संविदा कर्मी आते हैं. रांची विद्युत आपूर्ति क्षेत्र के अंतर्गत रांची, लोहरदगा, गुमला, सिमडेगा, खूंटी जिला आता है. इस दौरान अलग-अलग एरिया बोर्ड में हड़ताल की जाएगी. जिससे कर्मियों का भुगतान किया जा सके. इन्होंने बताया कि साल 2017 से अलग-अलग एजेंसियों के तहत ये कर्मी काम कर रहे हैं.

छह बार किया गया मजदूरी दर में संशोधन

साल 2017 से श्रम विभाग ने छह बार न्यूनतम मजदूरी दर में संशोधन किया है. मगर एजेंसियों में काम करने वाले मजदूरों को बड़े दर पर भुगतान नहीं किया गया और न उन्हें राशि का भुगतान किया गया. अजय ने कहा कि निगम को लगातार इस मामले में अवगत कराया गया है. इस दौरान कई बार निगम की ओर से आश्वस्त भी किया गया. लेकिन भुगतान अब तक नहीं किया गया. वहीं, बिना संविदाकर्मियों को भुगतान किये बिना ही एजेंसी बदल दी गयी है. जो गलत है.

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Related Articles

Back to top button