न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

पुलिस की कार्यशैली पर उठते सवाल- सिर्फ छोटे मामलों को सुलझा, थपथपा रही अपनी पीठ

 बड़े मामले का खुलासा करने में पीछे 

135

Ranchi: रांची पुलिस सिर्फ छोटे मामलों में शामिल अपराधियों की गिरफ्तार कर अपनी पीठ तो थपथपा रही है. लेकिन वही बड़े मामले का खुलासा करने में पुलिस असफल नजर आती है. राजधानी में हत्या की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं. लेकिन पुलिस हत्या के आरोपियों तक नहीं पहुंच पा रही है. हाल के दिनों में कई हत्या व गोलीकांड की घटनाएं हुई. लेकिन  कई बड़े मामलों में पुलिस ना तो हत्या के आरोपियों तक पहुंच सकी और ना ही मामले की गुत्थी सुलझा पायी है.

इसे भी पढ़ेंः मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में निकाला गया महिला का शव, पति पर हत्या का आरोप

जबकि बड़े मामलों में खुलासे और अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने एसआईटी भी गठित की. एक-एक एसआईटी में डीएसपी सहित पांच-पांच पदाधिकारी अनुसंधान के लिए दिए गए. इसके बाद भी पुलिस इन मामलों में अपराधियों तक नहीं पहुंच सकी है. इधर, पुलिस के वरीय अधिकारियों का कहना है कि सभी मामलों में तफ्तीश जारी है. जल्द ही मामले का खुलासा हो जाएगा.

CCTV व टेक्निकल टीम की जांच पर निर्भर पुलिस

हत्या हो या कोई अन्य कांड, अधिकांश में पुलिस सीसीटीवी फुटेज और टेक्निकल टीम के अनुसंधान पर पूरी तरह निर्भर हो गई है. पुलिस पहले जैसे अपने खबरी के माध्यम से मामलों का खुलासा करती थी, अब वह पूरी तरह से कमजोर पड़ता दिख रहा है. अब पुलिस को अगर टेक्निकल टीम स्पोर्ट नहीं करें तो आरोपी को पकड़ना मुश्किल हो जाएगा.

इसे भी पढ़ेंःपथ विभाग की 5000 करोड़ की योजनाओं पर ब्रेक, बोकारो एक्सप्रेस हाइवे पर भी ग्रहण

कार्रवाई के नाम पर आश्वासन !

पुलिस के वरीय अधिकारी, क्राइम ब्रांच,  आला अफसरों अक्सर कहते सुने जाते हैं कि मामले का जल्द ही खुलासा हो जाएगा. जब कोई बड़ी वारदात हो जाती है. लोगों को लगता है कि बस दो-एक दिनों में ही इस कांड का खुलासा होगा और पुलिस के हाथ अपराधी के गिरेबां तक होंगे.

लेकिन हकीकत यह है कि एक के बाद घटती आपराधिक वारदातों के बावजूद पुलिस अपराधियों को पकड़ना तो दूर, घटना से जुड़े तथ्य भी सही तरीके से सामने नहीं रख पा रही है.

इसे भी पढ़ें : पुलिस महकमे के एक खास वर्ग का नौकरशाही में वर्चस्व, राष्ट्रपति से शिकायत

नतीजा यह है कि राजधानी में अपराधी बेलगाम होते नजर आते हैं. वे बेखौफ घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं. अपराधी बड़ी घटनाओं को अंजाम देकर पुलिस को खुली चुनौती दे रहे हैं.

 हत्या के कुछ ऐसे मामले, जिनकी नहीं सुलझी गुत्थी

palamu_12

 23 मार्च- जगन्नाथपुर थाना क्षेत्र के ओबरिया रोड प्रगति नगर में सदर थाना क्षेत्र के तिरिल बस्ती में रहने वाली युवती की जला कर हत्या कर दी गई. शव के पास से पुलिस को तेल का जर्किन और माचिस मिला.

लेकिन पुलिस आजतक ना ही हत्या की गुत्थी सुलझा सकी और न ही आरोपियों को गिरफ्तार कर सकी. पुलिस ने कार्रवाई के नाम पर उसके प्रेमी को जेल भेज दिया. मामले का अनुसंधान डीएसपी कर रहे थे. लेकिन मामले का अभी तक खुलासा नहीं हो पाया.

इसे भी पढ़ें : घुटन में माइनॉरटी IAS ! सरकार पर आरोप- धर्म देखकर साइड किए जाते हैं अधिकारी

30 मार्च- नगड़ी थाना क्षेत्र के चेटे गांव में सुबह करीब 8.00 बजे रेलवे का काम करा रहे एसके कंस्ट्रक्शन के एक इंजीनियर सहित दो कर्मचारियों की गोली मारकर हत्या कर दी गई. पुलिस आजतक इस मामले में भी एक भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी. हत्या की वजह से कंपनी ने उस क्षेत्र में काम भी बंद कर दिया. मामले का अनुसंधान ग्रामीण एसपी, डीएसपी सहित तीन थानों के थानेदार कर रहे है, लेकिन खुलासा नहीं हो पाया.

8 अप्रैल- पुंदाग बस्ती से गायब मारवाड़ी कॉलेज की छात्रा अफसाना परवीन का जला हुआ शव लोहरदगा के कैरो से मिला. छात्रा कैसे लोहरदगा पहुंची और उसकी किसने जलाकर हत्या की. पुलिस को घटना के एक महीने के बाद भी पता नहीं चल सका. मामले का अनुसंधान एसआईटी में लोहरदगा एसपी, हटिया डीएसपी सहित तीन थानेदार कर रहे थे.

24 अगस्त- रातू रोड के आर्यापुरी में दिनदहाड़े दो बाइक पर सवार होकर आए पांच अपरधियों ने पलामू के पाटन के रहने वाले राकेश की गोली मार कर हत्या कर दी. इसके लिए पुलिस की टीम भी गठित भी हुई, लेकिन केस आज भी अनसॉल्वड है.

25 अगस्त- नगड़ी थाना क्षेत्र के लालगुटवा में रोशन मिर्धा नाम के युवक को देर रात पैदल आए तीन अपराधियों ने घर का दरवाजा खोलकर गोली मारी. पुलिस इस मामले में भी, पुलिस बस कह रही है कि जल्द ही मामले का खुलासा हो जाएगा. लेकिन अभी तक कुछ भी नहीं हो पाया है.

इसे भी पढ़ें : IAS, IPS और टेक्नोक्रेटस छोड़ गये झारखंड, साथ ले गये विभाग का सोफासेट, लैपटॉप, मोबाइल,सिमकार्ड और आईपैड

7 सितंबर- गोंदा थाना क्षेत्र में सीएम आवास के सामने स्कूटी पर आए तीन अपराधियों ने एसपीओ बुधु दास की गोली मारकर हत्या कर दी. सिलसिले में पुलिस ने कुछ अपराधियों को हिरासत में लिया है. लेकिन अभी तक खुलासा नहीं कर पाया है.

9 जुलाई 2014-   नामकुम थाना क्षेत्र के जोरार पेट्रोल पंप के समीप बाइक सवार दो अपराधियों ने बीजेपी नेता रतन गोप की गोली मारकर हत्या कर दी. रतन गोप की हत्या जमीन विवाद को लेकर हुई थी. 4 साल बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक मामले का खुलासा नहीं कर पाई है.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

%d bloggers like this: