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राफेल पर कैग की रिपोर्ट पेश: जानें रिपोर्ट की बड़ी बातें

जेटली ने कहा- सत्य की जीत, ‘महाझूठबंधन का झूठ बेनकाब'

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New Delhi: राफेल विमान सौदे को लेकर मचे सियासी घमासान के बीच बुधवार को संसद में नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्ट पेश की गई. हालांकि कैग की रिपोर्ट में राफेल के कीमतों का जिक्र नहीं किया गया है लेकिन यह जरूर बताया गया है कि सौदा पहले की तुलना में सस्ता है. संसद में कैग की रिपोर्ट के अनुसार, एनडीए सरकार के तहत हुआ राफेल सौदा यूपीए सरकार के दौरान इस सौदे पर हुई वार्ता पेशकश की तुलना में 2.86 प्रतिशत सस्ता है. रिपोर्ट में कहा गया है कि 126 विमान सौदों की तुलना में 36 विमानों के नए सौदे में भारतीय जरूरतों के हिसाब से बदलाव करने में 17.08 फीसदी धन की बचत की गई.

कैग रिपोर्ट की कुछ बड़ी बातें

– संसद के ऊपरी सदन राज्यसभा में ये रिपोर्ट पेश की गई. 141 पेज की रिपोर्ट में कैग ने तुलनात्मक विश्लेषण किया है. कैग ने रक्षा मंत्रालय के उस तर्क को खारिज कर दिया जिसमें कहा गया था कि 2016 में 36 राफेल विमानों की डील 2007 के प्रस्ताव की तुलना में 9 प्रतिशत कम थी.

– इस रिपोर्ट के अनुसार, भारत और फ्रांस के बीच हुई राफेल डील पहले की यूपीए सरकार की तुलना में 2.86 फीसदी सस्ती पड़ी है.

– कैग ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि बेहतर शर्तों के साथ भारत और फ्रांस के बीच 36 राफेल लड़ाकू विमान खरीद पर सहमति बनी थी. इस डील में ‘मेक इन इंडिया’ अभियान को समर्थन देने के लिए ऑफसेट प्राप्त करना भी शामिल था.

– रक्षा मंत्रालय की टीम ने मार्च 2015 में 126 राफेल डील को रद्द करने की अनुशंसा की थी, रिपोर्ट में इस बात का उल्लेख किया गया है. टीम ने कहा था कि दसॉ एविएशन ने सबसे कम बोली नहीं लगाई है. जबकि यूरोपियन एयरोनॉटिक्स डिफेंस ऐंड स्पेस कंपनी इस टेंडर के लिए योग्य ही नहीं है.
– रिपोर्ट में यह बताया गया है कि 2015 में विक्रेता ने राफेल के अलग से इंजन के लिए ज्यादा कीमत लगाई थी.

– रिपोर्ट में कहा गया है, ‘2016 के कॉन्ट्रैक्ट में किसी तरह गारंटी या वारंटी नहीं दी गई है. जबकि 2007 के सौदे में दसॉ एविएशन ने प्रदर्शन की और वित्तीय गारंटी दी थी. यह गारंटी कुल कॉन्ट्रैक्ट कीमत के 15 फीसदी तक थी.’

जेटली ने कहा- ‘सत्यमेव जयते’

कैग की रिपोर्ट पर केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि ‘महाझूठबंधन’ का झूठ बेनकाब हो गया और सत्य की जीत हुई. जेटली ने ट्वीट किया, ‘ सत्यमेव जयते.. सत्य की हमेशा जीत होती है. राफेल मुद्दे पर कैग की रिपोर्ट ने इसकी पुष्टि की है.’ उन्होंने कहा कि 2016 बनाम 2007… कम कीमत, त्वरित आपूर्ति, बेहतर रखरखाव, महंगाई के आधार पर कम वृद्धि.

कांग्रेस सहित विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, ‘यह नहीं कहा जा सकता है कि उच्चतम न्यायालय गलत है, कैग गलत है और केवल ‘परिवार’ सही है.’ अरूण जेटली ने कहा, ‘ जो लोग लगातार झूठ बोलते हों, उन्हें लोकतंत्र कैसे दंडित करे.’

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