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पीएम मोदी का इंटरव्यू : महिला पत्रकार पर तंज कसने पर राहुल पत्रकारों के निशाने पर

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NewDelhi : नव वर्ष 2019 के पहले दिन प्रधानमंत्री मोदी का इंटरव्यू करने वाली वरिष्ठ महिला पत्रकार  स्मिता प्रकाश पर राहुल गांधी द्वारा की गयी टिप्पणी पर पत्रकार संगठनों में उबाल है. संगठन कांग्रेस अध्यक्ष से उनके इस बयान पर माफी की मांग रख रहे हैं. बता दें कि राफेल मुद्दे को लेकर बुधवार को राहुल गांधी ने एक प्रेस कांफ्रेंस में वरिष्ठ पत्रकार एएनआई एडिटर स्मिता प्रकाश द्वारा लिये गये प्रधानमंत्री मोदी के इंटरव्यू का हवाला देते हुए कहा, उनके (मोदी)अंदर इतना सामर्थ्य नहीं कि वह यहां आकर बैठें और लोगों के सवालों का जवाब दें. जबकि मैं यहां मौजूद हूं आप जो चाहें सवाल कर सकते हैं. कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि आपने कल (मंगलवार) प्रधानमंत्री का इंटरव्यू देखा ही होगा. उन्होंने pliable शब्द का इस्तेमाल करते हुए कहा कि सवाल पूछने वाली पत्रकार खुद ही जवाब दे रही थी.  राहुल गांधी की इस टिप्पणी से पत्रकार संगठन हलकान है.

पत्रकारों के लिए प्रेस्टीच्यूट, बाजारू और दलाल जैसे अपमानजनक शब्द बोले जाते हैं

इस क्रम में एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने इस प्रकरण पर चिंता जाहिर करते हुए गुरुवार को कहा कि स्वस्थ और सभ्य आलोचना से किसी छूट का दावा नहीं करना चाहिए लेकिन साथ ही उन पर किसी तरह का ठप्पा लगाना पत्रकारों की गरिमा कम करने और उन्हें धमकाने के तौर पर सामने आया है. एडिटर्स गिल्ड ने अपने बयान में कहा कि हमने देखा कि हमारे नेता इसका कुछ समय से इस्तेमाल कर रहे हैं. हाल फिलहाल में भाजपा के शीर्ष नेताओं के साथ आप के नेताओं ने पत्रकारों के लिए प्रेस्टीच्यूट, खबरों के कारोबारी, बाजारू और दलाल जैसे अपमानजनक शब्दों का स्पष्ट तौर पर इस्तेमाल किया है.  इस क्रम में नेशनल जर्नलिस्ट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (इंडिया) से संबद्ध दिल्ली जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन (डीजेए)  के अध्यक्ष मनोहर सिंह और महासचिव प्रमोद कुमार ने कहा कि एक पत्रकार के साथ सिर्फ इसलिए बुरा बर्ताव करना क्योंकि उसने एक प्रतिद्वंदी पार्टी के नेता का साक्षात्कार किया है, गलत बात है. यह मैसेंजर को दबाने जैसा है.

 भाजपा और कांग्रेस के बीच वीडियो वार  : इसके अलावा इस मसले पर भाजपा और कांग्रेस के बीच वीडियो वार भी शुरू हो गया है. राहुल गांधी की टिप्पणी के बाद अरुण जेटली ने निशाना साधा तो कांग्रेस के आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर  pliable शब्द का इस्तेमाल करते हुए एक वीडियो जारी किया गया, जिसमें पीएम मोदी के पूर्व के कुछ इंटरव्यू की क्लिप्स थी. इसके बाद भाजपा के अमित मालवीय ने भी राहुल गांधी के इंटरव्यू की एक क्लिप जारी की आैर कहा कि जिस पत्रकारिता की बात आप कर रहे हैं, ये क्लिप उसकी बानगी है.

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