JharkhandLead NewsNEWSRanchi

RIMS : पैसा नहीं मिलने पर स्वास्थ्यकर्मियों का हंगामा, छावनी में तब्‍दील हुआ रिम्स परिसर

RANCHI: आउटसोर्सिंग पर बहाल रिम्स के कई कर्मचारियों को पद से हटाने की बात पर सभी आउटसोर्सिंग कर्मचारियों ने रिम्स परिसर में जमकर हंगामा किया है. सैकड़ों की संख्या में एमटीएस और आउटसोर्सिंग कर्मचारी भीड़ में शामिल हैं. माहौल को देखते हुए बरियातू थाना प्रभारी सपन मेहता रिम्स पहुंच कर हालात की जानकारी ले रहे हैं. बरियातू थाना प्रभारी सपन महता ने कहा कि यदि उपद्रवी किसी प्रकार का उपद्रव मचाते हैं तो उन पर लाठीचार्ज किया जाएगा. बरियातू थाना प्रभारी ने कहा कि सभी कर्मचारी शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखें. बरियातू थाना की पुलिस ने सभी कर्मचारियों को आश्वासन दिया है कि आपकी सभी जायज मांग को आला अधिकारियों तक पहुंचाई जाएगी और जल्द से जल्द आपकी समस्याओं का निष्पादन किया जाएगा.

 

 जरुरत खत्म होते ही दिखाया बाहर का रास्ता

 

advt

दरअसल झारखंड में जब कोरोना पीक पर था, मैनपावर कम पड़ रहे थे तब राज्य के सबसे बड़े अस्पताल रिम्स में आउटसोर्स पर स्टाफ की बहाली की गई थी, आउटसोर्स एजेंसी टीएंडएम कंपनी ने 700 से अधिक स्टाफ को बहाल कर लिया. कुछ दिन पहले एजेंसी ने 150 मेडिकल स्टाफ को बाहर का रास्ता दिखा दिया. अब जो काम कर रहे है उन्हें पेमेंट नहीं दिया जा रहा है. ऐसे में स्टाफ ने उप अधीक्षक के ऑफिस का घेराव कर दिया. इतना ही नहीं उन्होंने डॉक्टरों को भी अंदर जाने से रोक दिया. स्टाफ का कहना है कि एजेंसी की ओर से मनमानी की जा रही है. आखिर उनकी गलती क्या है जो ऐसा बर्ताव किया जा रहा है. काम के बदले वे पैसे की डिमांड कर रहे है. वहीं कुछ लोगों को यह कहते हुए हटा दिया गया है कि जिनकी ज्वाइनिंग 11 मई के बाद हुई है उन्हें काम पर नहीं रखा जाएगा.

 

पेमेंट और सर्टिफिकेट देने की मांग

 

मेडिकल स्टाफ का कहना है कि जब जरूरत थी तो बहाली कर ली गई. इसके बाद 150 लोग को पहले हटा दिया. एजेंसी की ओर से नई लिस्ट निकाली गई है उसमें भी 115 लोगों का नाम नहीं है. ऐसे में स्टाफ का कहना है कि अगर एजेंसी को काम पर रखना है तो सभी को रखे. अगर नहीं रखना है तो जो उन्होंने काम किया है उसका पेमेंट और कोविड वार्ड में करने का सर्टिफिकेट दे दिया जाए. इसके अलावा उनकी कोई मांग नहीं है.

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: