न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

पलामू : डीआरडीए कर्मी हत्याकांड में चैनपुर जिप सदस्य समेत दो गिरफ्तार

 ससुराल पक्ष के साथ विवाद में जिप सदस्य ने सुपारी देकर करवायी थी हत्या  

546

Palamu : शहर थाना क्षेत्र के नवकेतन सिनेमा रोड में गत 26 अक्टूबर को हुई डीआरडीएकर्मी सुधीर कुमार रौशन हत्याकांड की पुलिस ने गुत्थी सुलझा ली है. पुलिस ने हत्याकांड के मास्टरमाइंट चैनपुर के जिला परिषद सदस्य शैलेंद्र कुमार शैलू और शूटर जितेंद्र कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है. तीसरा आरोपी पुलिस गिरफ्त से फरार है. शूटर के पास से एक देसी पिस्तौल और एक जिंदा गोली बरामद की गयी है.

एसपी इंद्रजीत माहथा ने शहर थाना में पत्रकारों को बताया कि सुधीर की हत्या के बाद उसके पिता चिबहाल राम ने जिप सदस्य शैलू के अलावा उसके ससुर कृष्णा राम चंद्रवंशी, हंसा कुमारी, नेहा कुमारी और निशा देवी के खिलाफ मामला दर्ज कराया था. पुलिस उपाधीक्षक प्रेमनाथ के नेतृत्व में कार्रवाई की गयी. अनुसंधान, पर्यवेक्षण एवं तकनीकी सहायता से परिस्थतिजन्य साक्ष्य एवं अन्य स्त्रोतों से प्राप्त साक्ष्य के आधार पर इस कांड के कुख्यात अपराधी नावाटोली निवासी जितेंद्र कुमार सिंह को बीसफुट्टा के समीप कोयल नदी जाने वाले रास्ते से गिरफ्तार किया गया.

जितेंद्र ने पूछताछ के दौरान बताया कि उसके द्वारा ही सुधीर कुमार रौशन की हत्या की गयी. सुधीर का विवाद जिप सदस्य शैलू के ससुराल पक्ष के साथ चल रहा था. शैलू के ससुर कृष्णा चंद्रवंशी नवकेतन सिनेमा रोड में रहते हैं, उसके बगल में ही सुधीर कुमार रौशन का भी आवास है. विवाद को खत्म करने के लिए शैलू चंद्रवंशी ने उसे 50 हजार रुपये का लालच दिया और सुधीर के हर गतिविधि की जानकारी दी. यह भी बताया कि सुधीर बुलेट से चलता है और हर दिन अपने बच्चों को छोड़ने के लिए आवास से निकलकर बस स्टॉप तक जाता है.

जितेंद्र सुधीर की हत्या करने के लिए अपने साथ नावाटोली के ही आशीष कुमार उर्फ नमी चंद्रवंशी को साथ लिया. घटना वाले दिन सुबह करीब 7.30 बजे जितेंद्र और नमी और जितेंद्र मोटरसाइकिल से सर्वोदय स्कूल के रास्ते नवकेतन सिनेमा रोड गए और वहां से जितेंद्र पैदल बढ़ा और बच्चे को छोड़ कर लौट रहे सुधीर कुमार के सिर में गोली मार दी. वहां से दौड़कर जितेंद्र भागा और नमी के साथ मोटरसाइकिल पर बैठाकर चैनपुर के सेमरटांड़ भाग गया. पुलिस अधीक्षक ने बताया कि सुधीर हत्याकांड मामले में प्राथमिकी अभियुक्तों की जांचोपरांत उनकी गिरफ्तारी को निर्णय लिया जा सकता है.

इसे भी पढ़ें- बकोरिया कांड : सीबीआई ने दर्ज की प्राथमिकी, स्पेशल क्राईम ब्रांच-दिल्ली करेगी जांच

आयुष हत्याकांड का भी शूटर निकला जितेंद्र

पुलिस अधीक्षक ने जितेंद्र के हवाले से बताया कि गत 3 अक्टूबर को उपायुक्त आवास से सटे साइबर थाना के सामने हुई कान्दू मुहल्ला निवासी आयुष कुमार हत्याकांड में जितेंद्र ही शूटर था. जितेंद्र ने उसके स्कूल के सहपाठी चंदन कुमार के कहने पर आयुष की हत्या की थी. चंदन की बहन अक्सर स्कूल से आया-जाया करती थी और आयुष उससे छेड़छाड़ करता था. चंदन ने इसके लिए जितेंद्र को 10 हजार रुपये भी दिया था व हत्या के बाद और पैसे देने का वादा किया था. जितेंद्र कुमार सिंह शातिर अपराधी और पूर्व में शहर थाना क्षेत्र में लूट और अपहरण के मामले में जेल भी जा चुका है.

गिरफ्तारी अभियान में पुलिस इंस्पेक्टर तरूण कुमार, शहर थाना प्रभारी आनंद कुमार मिश्रा, सतबरवा थाना प्रभारी राणा जंगबहादुर, महिला थाना प्रभारी दुलर चौड़े, सदर थाना प्रभारी ममता कुमारी, पुलिस अवर निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह और टाइगर मोबाइल के जवान शामिल थे.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

%d bloggers like this: