न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

पलामू: प्रमंडलीय सदर अस्पताल की लापरवाही- साइकिल से गिर कर जख्मी बच्चे को लगा दिया एंटी रेबीज इंजेक्शन

335

Palamu: पलामू प्रमंडलीय सदर अस्पताल हमेशा किसी न किसी कारण से सुर्खियों में रहता है. सदर अस्पताल कर्मियों की लापरवाही एक बार फिर सामने आयी है. ताजा मामले में साइकिल से गिर कर जख्मी हुए एक आठ वर्षीय बच्चे को यहां एंटी रेबीज का इंजेक्शन दे दिया गया.

देखें वीडियो-

इसे भी पढ़ें – हजारीबाग माइनिंग अफसर नितेश गुप्ता क्यों चाहते है कि सिर्फ मां अंबे कंपनी ही करे कोयला रैक लोडिंग

स्कूल जाते वक्त हुआ था जख्मी

बताया जाता है कि पलामू जिला मुख्यालय मेदिनीनगर से सटे चैनपुर थाना क्षेत्र के महगांवा निवासी भोला मांझी का आठ वर्षीय पुत्र अभय कुमार बुधवार को अपने भाई विशाल कुमार के साथ साइकिल से स्कूल जा रहा था. इसी दौरान वह साइकिल से गिर कर जख्मी हो गया. उसे सिर में चोट लगी थी. आनन-फानन में परिजन बच्चे को लेकर सदर अस्पताल पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसकी मरहम-पट्टी की और पुर्जे पर दवाइयां और इंजेक्शन लिख दिया.

वार्ड 16 में लगाया गया गलत इंजेक्शन

इंजेक्शन दिलाने के लिए जब परिजन बच्चे को लेकर वार्ड नम्बर 16 में पहुंचे तो वहां मौजूद स्वास्थ्यकर्मी ने उन्हें सिरिंज खरीद कर लाने को कहा. जब परिजन सिरिंज ले आये तो स्वास्थ्यकर्मी ने एंटी रेबीज का इंजेक्शन बच्चे को दे दिया. इसके साथ ही उसने पुर्जें पर एंटी रेबीज का इंजेक्शन दिलाने के लिए पांच तिथियां भी अंकित कर दीं.

SMILE

स्वास्थ्यकर्मी के इस कारनामे से परिजन हतप्रभ

स्वास्थ्यकर्मी के इस कारनामे से परिजन भी हतप्रभ रह गये. उन्होंने कहा कि गिर कर जख्मी होने पर उसने कुत्ता काटने का इंजेक्शन बच्चे को क्यों दे दिया? तब जाकर स्वास्थ्यकर्मी को अपनी गलती एहसास हुआ और उसने पुर्जे पर अंकित तिथियों को कलम से काट डाला. स्वास्थ्यकर्मी ने परिजनों को भरोसा दिलाया कि वह फिर से बच्चे का इलाज करा देगा. लेकिन इतना कुछ हो जाने के बाद परिजन वहां ठहरना मुनासिब नहीं समझे और उन्होंने बच्चे का निजी अस्पताल में इलाज कराया. अभय कुमार का जिस वाहय रोगी पर्ची पर ईलाज किया गया, उसका निबंधन संख्या 23719 है.

इसे भी पढ़ें- गडकरी जी, अच्छी सड़क के लिये तिहरा टैक्स तो ठीक पर आपके टोल वाले लूट रहे हैं पब्लिक को

क्या कहते हैं सीएस

जिले के सिविल सर्जन डॉ जॉन एफ कनेडी ने कहा कि मानवीय भूल के कारण ऐसी घटना हो गयी है. इससे रोगी को कोई नुकसान नहीं होगा. रोगी को टेटभैक दिया जाना था, लेकिन गलती से उसे एंटी रैबिज का इंजेक्शन लगा दिया गया. उन्होंने कहा कि अस्पताल में भीड़ अधिक थी, जिस जगह पर इंजेक्शन दिलाने के लिए रोगी के परिजन पहुंचे थे, वहां अक्सर एंटी रैबिज का टीका लगाया जाता है. ऐसे में एंटी रैबिज के रोगी को टीका न लगा कर दूसरे रोगी को लगा दिया गया. मामला उनके संज्ञान में है. इससे संबंधित कर्मी को अपने किये पर पछतावा है. ऐसी गलती दोबारा न हो, इसके लिए संबंधित कर्मी को ठोस सलाह दी गयी है.

इसे भी पढ़ें – बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार का वार्ड 14/A बना वीआइपी,पैसे के बल पर मिलती है सारी सुविधाएं

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
%d bloggers like this: