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पलामू : मुख्यमंत्री जनसंवाद को गुमराह कर रहे राज्यस्तरीय पदाधिकारी, अपनी ही रिपोर्ट पर उठाये सवाल

Palamu : मुख्यमंत्री जनसंवाद केंद्र को कुछ पदाधिकारी गुमराह कर रहे हैं. पदाधिकारियों का रवैया केवल दिग्भ्रमित करने तक ही सीमित नहीं रह रहा है. वे अपनी ही रिपोर्ट पर ही सवाल उठा रहे हैं. दरअसल, पलामू जिले के सतबरवा प्रखंड अंतर्गत नौरंगा में मलय नदी किनारे एक ग्रेफाईट कंपनी द्वारा मलबा डंप किया गया. जब इस मामले में मुख्यमंत्री जनसंवाद में शिकायत की गयी तो इसकी जांच हुई. जिन पदाधिकारियों ने इसकी जांच की, उन्होंने दो अलग-अलग रिपोर्ट दी. दोनों रिपोर्ट को मिलान करने पर स्पष्ट होतो है कि उन्होंने अपनी ही रिपोर्ट पर सवाल उठा दिए.

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अलग-अलग जांच में असमानता

झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद, रांची के ज्ञापांक 1066 दिनांक 11 अगस्त 2018 के पत्र में साफ लिखा हुआ है कि 10 अगस्त 2018 को स्थल निरीक्षण किया गया. स्थल पर पाया गया कि 40-50 टैक्ट्रर ग्रेफाईट माइंस के ओभर बर्डेन को गिराया गया है और दो दिनों में हटा लिया जायेगा. इसी विभाग के ज्ञापांक संख्या 1279 दिनांक 3 अक्टूबर 2018 के पत्र में लिखा हुआ है कि 27 सितंबर 2018 को गोपाल कुमार, कनीय पर्यावरण अभियंता, रांची के द्वारा उक्त स्थल की जांच की गयी. पाया गया कि ग्रेफाईट माइंस के ओभर बर्डेन को गिराया तो गया था, लेकिन उसे हटा लिया गया हैं और उक्त शिकायत को बंद करने का सलाह भी दी हैं.

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अभी तक डंप है फैक्टरी का मलबा

अब सबसे दिलचस्प बात यह है कि ज्ञापांक संख्या 173 दिनांक 4 फरवरी 2019 में साफ लिखा हुआ है कि 11 जनवरी 2019 को निरीक्षक गोपाल कुमार के द्वारा निरीक्षण किया और पाया कि ग्रेफाईट का मलबा नहीं हटाया गया है? इधर, झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद रांची के क्षेत्रिय पदाधिकारी आरएन कश्यप ने सप्ताह में मलबा हटा लेने और इस पर मिट्टी से भरावट करने के लिए संबंधित फैक्टरी प्रबंधक को पत्र भेजा है. इससे स्पष्ट हो रहा है कि प्रदूषण नियंत्रण पर्षद के निरीक्षक गोपाल कुमार अपनी ही रिपोर्ट पर सवाल उठा रहे हैं.

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फिर हुई स्थलीय जांच

तिरूपति कार्बन कैमिकल्स ग्रेफाईट फैक्टरी, रजडेरवा द्वारा मलय नदी के किनारे ग्रेफाईट का मलबा डंप किये जाने के मामले में गुरुवार को एक बार फिर झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद, रांची की एक टीम ने स्थलीय जांच की, जिसमें पाया गया कि दर्जनों ट्रैक्टर मलबे का ढेर लगा हुआ है. शिकायतकर्ता से पूछताछ की गयी. शिकायतकर्ता ने कहा कि विभाग समझे क्या करना हैं? उन्हें विभाग पर पूरा भरोसा है. जबकि मौके पर पहुंचे फैक्टरी के प्रबंधक राजन प्रसाद तिवारी ने कहा कि शिकायतकर्ता द्वारा झूठ का हरास्टमेंट किया जा रहा हैं.

क्या है मामला?

24 जुलाई 2018 को प्रखंडस्तरीय जनता दरबार में तीन स्थलों पर नौरंगा में मलय नदी के किनारे ग्रेफाईट का मलबा डंप किये जाने का मामला भाजपा 20 सूत्री प्रखंड अध्यक्ष रवि प्रसाद ने उठाया था. पलामू के तत्कालीन अपर समाहर्ता प्रदीप कुमार के समक्ष भाजपा 20 सूत्री प्रखंड अध्यक्ष रवि प्रसाद ने उठाया था. बाद में स्थल पर जांच कर मलबा हटाने का निर्देश संबंधित फैक्टरी के मैनेजर को दिया गया था. इसके बाद भी मलबा नहीं हटाने पर इस संबंध में 27 जुलाई 2018 को मुख्यमंत्री जन संवाद में इसकी शिकायत की गयी थी.

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