Palamu

पलामू: मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी और 15 लोगों को चिन्हित किए जाने पर डॉक्टरों की हड़ताल खत्म

Palamu: पलामू जिले के हैदरनगर सीएचसी में डॉक्टर की पिटायी मामले में गिरफ्तारी के बाद हड़ताल समाप्त हो गयी है. बता दें कि सीएचसी में डा. शाहिल नयन रजनीश के साथ मारपीट के विरोध और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे डाक्टरों की हड़ताल शुक्रवार को समाप्त हो गयी.

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हड़ताल के तीसरे दिन शुक्रवार को हुसैनाबाद के एसडीपीओ विजय कुमार और अस्पताल उपाधीक्षक डा. एसके रवि ने संयुक्त रूप से पत्रकारों से बात की. उपाधीक्षक ने बताया कि हुसैनाबाद पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था से वे संतुष्ट हैं.

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एसडीपीओ ने एक आरोपी की गिरफ्तारी की जानकारी दी है. साथ ही 15 लोगों को की पहचान किये जाने की कही. जिसके बाद तीसरे दिन डॉक्टर्स ने हड़ताल खत्म कर आन्दोलन समाप्त करने की घोषणा की.

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बता दें कि गत 14 जनवरी की रात हैदरनगर अस्पताल में कार्यरत डॉ. शाहिल नयन रजनीश के साथ मारपीट की गयी थी. घटना के बाद से आक्रोशित चिकित्सक व स्वास्थ्यकर्मियों ने अलगे दिन से हड़ताल शुरू कर दी थी.

मुख्य आरोपी गिरफ्तार

उपाधीक्षक एसके रवि ने कहा हुसैनाबाद पुलिस द्वारा मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. साथ ही हुसैनाबाद और हैदरनगर अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था कर दी गई है. इसके लिए चार पुलिस बल की तैनाती की गई है, जो सराहनीय कदम है.

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मानव सेवा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया गया है और हड़ताल वापस करने की घोषणा की गयी है. साथ ही भविष्य में डाक्टर के साथ ऐसी घटनाएं न हो और आम लोगों से सहयोग करने की अपील की है.

हुसैनाबाद एसडीपीओ विजय कुमार ने हड़ताली स्वास्थ्य कर्मचारियों को कहा कि अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था मुहैया करा दी गई है. हैदरनगर के पतरिया गांव निवासी शशि राम को गिरफ्तार कर लिया गया है.

मारपीट करने वाले दस-पंन्द्रह लोगों को चिन्हित भी किया गया है. उन्होंने कहा कि पुलिस व चिकित्सक दोनों एक-दूसरे के पूरक हैं. आम लोगों की सेवा के लिए कार्य करते हैं. इसके बावजूद उन्हें भीड़ का हिस्सा बनाया जाता है.

उन्होंने कहा कि जांच में यह खुलासा हुआ है कि घटना कहां हुई है और टेंपो में लादकर उसे अस्पताल लाया जा रहा था, जबकि पुलिस को बताया गया कि टेम्पो और स्कॉर्पियो के बीच घटना हुई, जो बिल्कुल गलत है. दुर्घटना बाइक से होने की बात कहीं है. इसमें चिकित्सक के साथ मारपीट करना शर्मनाक है.

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