DhanbadJharkhand

धनबाद के सिंफर लैब में बच्चों ने जानी विज्ञान की बारीकियां

Dhanbad : बच्चों को विज्ञान से जोड़ने के लिए भारत सरकार के अभियान के तहत सोमवार को अंतरराष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव का आयोजन देश के प्रमुख शोध संस्थान सिंफर में किया गया. विज्ञान भारती व सीएसआइआर के संयुक्त तत्वावधान में सिंफर में दो दिवसीय विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का उद्घाटन खाद्य आपूर्ति मंत्री सरयू राय ने किया.

इसे भी पढ़ें – कंठ प्यासे, छाया है अंधेरा, पेंशन लटकी, फिर भी मुस्कुरा रहे हैं साहब, गजब का उत्साह लिये पोस्टर में बने हुए हैं सर

5 से 8 अक्टूबर तक लखनऊ में जुटेंगे देश भर के बारह हजार बच्चे 

ram janam hospital
Catalyst IAS

सिंफर के लैब का जिले के ग्रामीण इलाकों से आये 2100 बच्चों ने अवलोकन किया और अपने अंदर विज्ञान को लेकर पैदा हुई जिज्ञासाओं को शांत किया. सिंफर में दो दिनों तक चलनेवाले इस अभियान के बाद 5 से 8 अक्टूबर तक लखनऊ में देश भर के बारह हजार बच्चे जुटेंगे, जहां उन्हें विज्ञान व गणित की बारीकियों को बताया जायेगा. बच्चों में विज्ञान के प्रति रुझान बढ़ाने के उद्देश्य से केंद्र सरकार के अभियान के तहत आज से दो दिनों तक सिंफर ने जिले के दसवीं से बारहवीं तक के बच्चों के लिए अपनी प्रयोगशालाओं को खोल दिया है. जबकि छात्र 25 सितंबर को संस्थान के डिगवाडीह केंद्र का भ्रमण कर अपनी जिज्ञासाओं को शांत करेंगे. लैब देखने आये बच्चों ने कहा कि ऐसे आयोजनों से उन्हें विज्ञान की नई-नई तकनीक व बारीकियों से अवगत होने का मौका मिलता है.

The Royal’s
Pushpanjali
Pitambara
Sanjeevani

इसे भी पढ़ें – कंठ प्यासे, छाया है अंधेरा, पेंशन लटकी, फिर भी मुस्कुरा रहे हैं साहब, गजब का उत्साह लिये पोस्टर में बने हुए हैं सर

हमें अपने नजिरये को बदलना होगाः सरयू राय

उद्घाटन के बाद मीडिया से बात करते हुए मंत्री सरयू राय ने कहा कि हमारे यहां यह हीन भावना घर गयी है कि विज्ञान का विकास यूरोप व अमेरिका में हुआ है, जबकि ऐसा नहीं है. बच्चों को यह बताना है कि हमारा देश भी विज्ञान के मामले में काफी आगे है, आर्यभट्ट इसके उदाहरण हैं. अपना देश भी विज्ञान और गणित में किसी देश से कम नहीं है. इसलिए हमें अपनी हीन भावना और नजरिये को बदलना होगा। बच्चों को यह बताया जायेगा कि विज्ञान की मदद से हम अपने देश व समाज का विकास काफी तेजी से कर सकेंगे. उन्होंने कहा कि किसी भी देश के विकास में विज्ञान का काफी बड़ा योगदान होता है, इसलिए केंद्र सरकार की इस पहल पर बच्चों को विज्ञान से जोड़ने का काम किया जा रहा है.

इसे भी पढ़ें – स्कूल में एक्स्ट्रा करिकुलम एक्टिविटी के नाम पर अभिभावकों की होती है जेब ढीली

Related Articles

Back to top button