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अब हरमू नदी के दोनों किनारों पर सरकार लगवायेगी 4000 पौधे

नगर विकास विभाग और वन और पर्यावरण विभाग के बीच होगा एकरारनामा

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Ranchi :  राज्य सरकार अब हरमू नदी को और खुबसूरत और इको फ्रेंडली बनाने के लिए वृहद पौधरोपण करेगी. नदी के शहरी इलाके के छह किलोमीटर की दूरी तक दोनों किनारों में चार हजार पौधे लगाये जायेंगे. राज्य के नदियों को संरक्षित करने के लिए हाल ही में सरकार की तरफ से चार करोड़ पौधा लगाने का अभियान शुरू किया गया था. इसकी शुरुआत रांची के स्‍वर्णरेखा नदी तट से मुख्यमंत्री रघुवर दास ने की थी. अब हरमू नदी को भी सजाने-सवांरने का काम शुरू कर दिया गया है. सरकार की तरफ से इसके लिए 1.32 करोड़ रुपये से अधिक राशि खर्च किये जायेंगे. इस काम को लेकर सरकार के दो महकमे नगर विकास और आवास विभाग तथा वन पर्यावरण विभाग के बीच द्विपक्षीय समझौता होगा.

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तीन वर्षों तक पौधों को संरक्षित करेगा ज्युडको

समझौते के तहत फलदार पौधे और अन्य इकोफ्रेंडली पौधों का वितरण वन और पर्यावरण विभाग की तरफ से किया जायेगा. इतना ही नहीं लगाये गये पौधों को तीन वर्षों तक संरक्षित रखने की जवाबदेही भी नगर विकास विभाग की एजेंसी झारखंड अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कारपोरेशन (ज्यूडको) की होगी. सरकार की तरफ से सघन पौधरोपण करने के लिए ज्यूडको के पीएल खाते में पैसे उपलब्ध कराये जायेंगे. मालूम हो कि हरमू नदी का जिर्णोद्धार का काम भी सरकार की तरफ से कराया जा रहा है. इसमें 75 करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च की जा रही है. हरमू नदी के दोनों किनारों को बेहतर बनाते हुए नदी में साफ पानी के बहाव को लेकर सरकार की तरफ से सिवरेज-ट्रीटमेंट प्लांट भी स्थापित किये जा रहे हैं. हरमू नदी जिर्णोद्धार को लेकर सरकार की महत्वाकांक्षी योजना अभी तक पूरी नहीं हुई है.

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3310 रुपये में पौधों को बचाने के लिए लगाया जायेगा गैबियन

सरकार की ओर से हरमू नदी के तट पर लगाये जानेवाले पौधों को बचाने के लिए लोहे का गैबियन भी लगाया जायेगा. इसके लिए प्रत्येक पौधों को बचाने के लिए 3310 रुपये का लोहे का गैबियन लगाया जायेगा. इसके अनुरूप ही सरकार की तरफ से चार हजार पौधों के लिए उपरोक्त राशि का बजट तैयार किया गया है. ज्यूडको की तरफ से पौधे और गैबियन की उपलब्धता के लिए वन विभाग को पैसा दिया जायेगा.

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