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नगर विकास सचिव के दबाव में नगर आयुक्त स्पैरो सॉफ्टेक को नहीं दे रहे कार्य विस्तार: मेयर

Ranchi :  स्पैरो सॉफ्टेक को कार्य विस्तार नहीं देने से नाराज मेयर आशा लकड़ा पिछले कई दिनों से नगर विकास विकास पर हमलावर हैं. निगम के राजस्व में हो रहे नुकसान का कथित आरोप तो मेयर विभागीय सचिव पर लगा ही रही थीं. अब उन्होंने नगर आयुक्त पर हमला बोल दिया है. मेयर ने कहा है कि विभागीय सचिव के दबाव में नगर आयुक्त स्पैरो सॉफ्टेक का कार्य विस्तार नहीं दे रहे हैं. मेयर का कहना है कि 12 अगस्त से निगम क्षेत्र में होल्डिंग टैक्स व वाटर यूजर चार्ज के संग्रहण कार्य प्रभावित हो रहा है. 9 जून को ही निगम परिषद की बैठक में कंपनी को कार्य विस्तार देने का प्रस्ताव पास हो चुका है. तीन बार उन्होंने विभागीय सचिव को इस बाबत पत्र लिख कंपनी को कार्य विस्तार देने की मांग की. फिर भी नगर आयुक्त परिषद के निर्णय को दरकिनार कर संबंधित एजेंसी को कार्य विस्तार देने से इन्कार कर रहे हैं.

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अधिनियम नहीं विभागीय सचिव का मौखिक आदेश रखता है मायने

आशा लकड़ा ने नगर आयुक्त पर विभागीय सचिव के दबाव में काम करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि सचिव के निर्देश पर वे स्पैरो सॉफ्टेक कार्य विस्तार नहीं दे रहे हैं. यह देखने की बात है कि इस बाबत विभागीय सचिव द्वारा उन्हें लिखे कोई भी पत्र नगर आयुक्त ने नहीं दिखाये हैं. नगर आयुक्त के इस आचरण से स्पष्ट है कि वे विभागीय सचिव के दबाव पर कार्य कर रहे हैं. उनके लिए झारखंड नगरपालिका अधिनयम कोई मायने नहीं रखता. विभागीय सचिव का मौखिक निर्देश ही उनके लिए अहमियत रखता है.

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राजस्व नुकसान की सारी जिम्मेवारी नगर आयुक्त की होगी

मेयर ने कहा कि बीते 13 अगस्त को उन्होंने विभागीय सचिव से मुलाकात भी की थी. मुलाकात में उन्होंने सचिव से निगम क्षेत्र में झारखंड नगरपालिका अधिनियम-2011 को पालन करने और निगम कार्यों में हस्तक्षेप नहीं करने की मांग की थी. लेकिन फिर भी विभागीय सचिव निगम के राजस्व वसूली कामों में हस्तक्षेप किया. विभागीय सचिव और नगर आयुक्त के रवैये से निगम को हर दिन राजस्व का नुकसान हो रहा है. कंपनी को कार्य विस्तार का आदेश न देकर विभागीय स्तर से राजस्व वसूली का काम शुरू कराया गया है. निगम क्षेत्र में में टैक्स कलेक्टरों की कम संख्या को देख वसूली का इस ढंग से काम सही नहीं है. आने वाले समय में अगर निगम को राजस्व का नुकसान होता है, इसकी पूरी जिम्मेवारी नगर आयुक्त की होगी.

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