न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

भारत में 5 करोड़ से अधिक लोगों के पास हाथ धोने की सुविधा नहीं, जोखिम सबसे ज्यादा: स्टडी

514

New Delhi: भारत में पांच करोड़ से अधिक भारतीयों के पास हाथ धोने की ठीक व्यवस्था नहीं है जिसके कारण उनके कोरोना वायरस से संक्रमित होने और उनके द्वारा दूसरों तक संक्रम फैलाण फैलने का जोखिम बहुत अधिक है.

इसे भी पढ़ें- अर्जुन मुंडा समेत 400 लोगों के फोन टैप कराते थे पूर्व सीएम रघुवर दास, FIR दर्ज करे सरकार: डॉ अजय कुमार

कई देशों में साबुन और साफ पानी उपलब्ध नहीं

अमेरिका में वाशिंगटन विश्वविद्यालय में इंस्टीट्यूट ऑफ हैल्थ मैट्रिक्स ऐंड इवेल्यूएशन (आइएचएमई) के शोधकर्ताओं ने कहा कि निचले और मध्यम आय वाले देशों के दो अरब से अधिक लोगों में साबुन और साफ पानी की उपलब्धता नहीं है. इसके कारण अमीर देशों के लोगों की तुलना में संक्रमण फैलने का जोखिम अधिक है. यह संख्या दुनिया की आबादी का एक चौथाई है.

जर्नल एन्वर्मेंटल हैल्थ पर्सपेक्टिव्ज में प्रकाशित स्टडी के मुताबिक उप सहारा अफ्रीका और ओसियाना के 50 फीसदी से अधिक लोगों को अच्छे से हाथ धोने की सुविधा नहीं है. आइएचएमई के प्रोफेसर माइकल ब्राउऐर ने कहा कि कोविड-19 संक्रमण को रोकने के महत्वपूर्ण उपायों में हाथ धोना एक महत्वपूर्ण उपाय है. यह निराशाजनक है कि कई देशों में यह उपलब्ध नहीं है. उन देशों में स्वास्थ्य देखभाल सुविधा भी सीमित है.

इसे भी पढ़ें- #CoronaUpdate: देश में 1लाख 12हजार 359 मरीज, एक्टिव केस के मामले में दुनिया में पांचवें नंबर पर भारत

हर साल 7 लाख से अधिक लोगों की हो जाती है मौत

शोध में पता चला कि 46 देशों में आधे से अधिक आबादी के पास साबुन और साफ पानी की उपलब्धता नहीं है. इसके मुताबिक भारत, पाकिस्तान, चीन, बांग्लादेश, नाइजीरिया, इथियोपिया, कांगो और इंडोनेशिया में से प्रत्येक में पांच करोड़ से अधिक लोगों के पास हाथ धोने की सुविधा नहीं है.

ब्राउऐर ने कहा कि हैंड सैनिटाइजर जैसी चीजें तो अस्थायी व्यवस्था है. कोविड से सुरक्षा के लिए दीर्घकालक उपायों की जरूरत है. हाथ धोने की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर साल 700,000 से अधिक लोगों की मौत हो जाती है.

इसे भी पढ़ें- प बंगाल:  कोरोना के साथ अम्फान तूफान की तबाही-  कोलकाता एयरपोर्ट के रनवे और हैंगर में पानी भरा  

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

o1
You might also like