न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

मोदी सरकार खुफिया अफसरों के माध्यम से  महबूबा मुफ्ती  और उमर अब्दुल्ला का रुख भांप रही है!

केंद्र सरकार  घाटी में शांति और सद्भाव स्थापित करने के मकसद से राज्य दो पूर्व मुख्यमंत्रियों को साधने की कोशिश में जुटी है.

5,625

NewDelhi : केंद्र सरकार  घाटी में शांति और सद्भाव स्थापित करने के मकसद से राज्य दो पूर्व मुख्यमंत्रियों को साधने की कोशिश में जुटी है.  सरकार चाहती है कि दोनों पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती  लोगों को समझाने में उसकी मदद करें.  टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार  केंद्रीय गृहमंत्रालय ने जम्मू-कश्मीर के नजरबंद नेता उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती से  बीते दो दिनों के भीतर संपर्क साधने की कोशिश की है.

संपर्क खुफिया विभाग के अधिकारियों के द्वारा किया गया है.  मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि शनिवार को दोनों नेताओं से खुफिया विभाग के अधिकारियों ने बातचीत की.  हालांकि, आधिकारिक रूप से इस खबर को न तो खारिज किया गया है और न ही पुष्टि की गयी है.

इसे भी पढ़ें- अरुण जेटली का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार, पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन

नेशनल कॉन्फ्रेंस ने इस रिपोर्ट को झूठ करार दिया है

Related Posts

पीड़िता छात्रा कोर्ट पहुंची, बयान दर्ज होने के बाद  पूर्व केंद्रीय मंत्री चिन्मयानंद हो सकते हैं गिरफ्तार

छात्रा के बयान के बाद अदालत एसआईटी को इस मामले में दुष्कर्म की धारा जोड़ने का निर्देश दे सकती है. दुष्कर्म की धारा जोड़ने के तुरंत बाद चिन्मयानंद गिरफ्तार हो सकते हैं.

हालोंकि  उमर अब्दुल्ला की पार्टी नेशनल कॉन्फ्रेंस ने इस रिपोर्ट को झूठ करार दिया है.    पीडीपी के सूत्रों ने हालांकि बताया कि कुछ सरकारी अधिकारियों ने दोनों नेताओं से हिरासत में मुलाकात की और उनसे रिहा होने की सूरत में जम्मू-कश्मीर में विशेष रूप से घाटी में सामान्य स्थिति बहाल करने में मदद करने को कहा है. टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार पीडीपी के एक वरिष्ठ नेता ने नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर कहा कि  दोनों नेताओं ने आर्टिकल 370 को रद्द करने के संसद के फैसले के खिलाफ अपने रुख से हटने से इनकार कर दिया.

नेशनल कॉन्फ्रेंस  के उमर अब्दुल्ला और पीडीपी प्रमुख महबूबा पांच अगस्त से नजरबंद हैं.  उमर अब्दुल्ला  को हरि निवास पैलेस में रखा गया है, वहीं महबूबा श्रीनगर में चेशमाशाही में जेके पर्यटन विकास हट में हिरासत में है. जान लें कि  उमर और महबूबा दोनों  जम्मू-कश्मीर की विशेष स्थिति और दो केंद्र शासित प्रदेशों में राज्य का पुनर्गठन किये जाने का विरोध कर रहे हैं

इसे भी पढ़ें- विपक्षी दलों ने श्रीनगर DM पर गलत तरीके से रोकने का आरोप लगाया

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like

you're currently offline

%d bloggers like this: