न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

#Me Too : पत्रकार के खिलाफ अदालत पहुंचे केंद्रीय मंत्री अकबर

107

New Delhi :  केंद्रीय मंत्री एम जे अकबर ने हाल ही में उन पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाने वाली पत्रकार प्रिया रमानी के खिलाफ सोमवार को पटियाला हाउस अदालत में एक निजी आपराधिक मानहानि शिकायत दायर की. विदेश राज्यमंत्री अकबर ने रमानी पर जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण तरीके से उन्हें बदनाम करने का आरोप लगाया और इसके लिए पत्रकार के खिलाफ मानहानि से जुड़े दंडात्मक प्रावधान के तहत मुकदमा चलाने का अनुरोध किया.

इसे भी पढ़ें – IAS और IFS से भी नहीं संभला जेपीएससी, दो अध्यक्ष भी नहीं करा सके प्रक्रिया पूरी, लोकसभा चुनाव के बाद ही परीक्षा की संभावना

किसी एजेंडे को पूरा करने के फैलाई जा रही है झूठी बातें

hosp1

दुनिया भर में यौन शोषण के खिलाफ शुरू हुए ‘‘मी टू’’ अभियान ने हाल ही में भारत में जोर पकड़ा है और एक के बाद एक कई क्षेत्रों से जुड़े लोगों के खिलाफ कथित यौन शोषण के मामले सामने आए हैं. शिकायत में कहा गया,‘‘शिकायतकर्ता (अकबर) का पत्रकारिता में लंबा करियर रहा है, उन्होंने भारत की पहली साप्ताहिक राजनीतिक समाचार पत्रिका शुरू की थी. शिकायत में रमानी द्वारा सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ लगाए गए मानहानिपूर्ण आरोपों का उल्लेख किया गया है.
अकबर ने अपनी शिकायत में कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि आरोपी (रमानी) ने द्वेषपूर्ण तरीके से कई गंभीर आरोप लगाए हैं जिसे वह मीडिया में बेरहमी के साथ फैला रही है। शिकायत में कहा गया है कि यह भी स्पष्ट है कि शिकायतकर्ता (अकबर) के खिलाफ झूठी बातें किसी एजेंडे को पूरा करने के लिए प्रायोजित तरीके से फैलाई जा रही हैं.

इसे भी पढ़ें – राज्य में आईएएस अफसरों का टोटा, पहले से 43 कम, 2019 तक रिटायर हो जायेंगे 27 और अफसर

आरोपों ने अपूरणीय क्षति की है और अत्यंत दुखद हैं

इसमें अकबर के खिलाफ रमानी के आरोपों को ‘‘बदनाम करने वाला’’ बताया गया. इसमें कहा गया कि आरोपों की ‘‘भाषा और सुर’’ पहली नजर में ही मानहानिपूर्ण हैं और इन्होंने न केवल उनके (अकबर) सामाजिक संबंधों में उनकी प्रतिष्ठा और साख को नुकसान पहुंचाया है बल्कि समाज, मित्रों और सहयोगियों के बीच अकबर की प्रतिष्ठा भी प्रभावित हुई है. आरोपों ने अपूरणीय क्षति की है और अत्यंत दुखद हैं. अधिवक्ता संदीप कपूर के जरिये दायर शिकायत में रमानी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 499 (मानहानि) के तहत नोटिस जारी करने का अनुरोध किया गया. भादंसं की धारा 500 में व्यवस्था है कि आरोपी को दोषी ठहराए जाने पर दो साल के कारावास या जुर्माना या दोनों हो सकती है.
अफ्रीका के दौरे से लौटने के कुछ घंटे बाद, अकबर ने कई महिलाओं द्वारा उन पर लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों को ‘‘झूठा, फर्जी और बेहद दुखद’’ करार दिया था और कहा था कि वह उनके खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई करेंगे.अकबर का नाम सोशल मीडिया पर उस समय सामने आया था जब वह नाइजीरिया में थे. अकबर पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाने वाली महिलाओं में प्रिया रमानी, गजाला वहाब, शुमा राहा, अंजू भारती और शुतापा पॉल शामिल हैं.

 

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

You might also like
%d bloggers like this: