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अभी होटल खोज रहे हैं, फिर अस्पताल में बेड खोजते फिरेंगे ! संभल जाइए, नहीं तो कोरोना की तीसरी का आना तय है

Uday Chandra Singh

New Delhi : देश में कोरोना के मामलों में कमी के बाद अनलॉक का लोग गलत फायदा उठा रहे हैं. बाजारों और पर्यटन स्थलों पर भारी भीड़ के बीच लोग कोरोना नियमों का उल्लंघन करते दिख रहे हैं, जिसने सरकार की चिंता बढ़ा दी है. हिमाचल से लेकर उत्तराखंड तक उमड़ी सैलानियों की भीड़ जो कोरोना की तीसरी लहर की कैरियर बन सकती है.

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सोशल मीडिया पर ये तस्वीरें खूब वायरल हैं. दावा किया जा रहा है कि ये मनाली की हैं और बीते वीकेंड की. इन तस्वीरों को देखकर साफ हो जाता है कि लोगों को कोरोना से बचने के लिए किसी नियम-कायदे की चिंता नहीं है. लोगों की भीड़ बाजार में दिख रही है. हर दिन 10 से 14 हजार पर्यटक अपनी गाड़ियों से मनाली पहुंच रहे हैं. पहली जुलाई को मनाली ग्रीन टैक्स बैरियर से होकर मनाली में 1750 वाहन पहुंचे. दो जुलाई को 2250 पर्यटक वाहनों ने मनाली में दस्तक दी.जबकि 3 जुलाई को 2575 पर्यटक वाहन मनाली पहुंचे.4 जुलाई को यह संख्या 28345 हो गई तो 5 जुलाई को 26965. वीकेंड में तो यहां होटलों में जगह मिलना नामुमकिन हो रहा है. लेकिन इस भीड़ में कोरोना विस्फोट हुआ, तो एक बार फिर अस्पतालों में बेड मिलना भी मुश्किल हो जाएगा.

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केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने इसे लेकर हिमाचल प्रदेश के शिमला और मनाली में कोरोना नियमों के उल्लंघन पर राज्य सरकार को बकायदा चिट्ठी लिखी है. गौरतलब है कि लॉकडाउन में ढील के बाद लोग उत्तर भारत की भारी गर्मी से बचने के लिए शिमला और मनाली का रुख कर रहे हैं.  केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने 73 जिलों और राज्यों को भी  चिट्ठी लिखी है, जहां पर कोरोना की पॉजिटिविटी रेट सबसे ज्यादा है.

 

स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल के अनुसार कोरोना की दूसरी लहर बेशक नरम पड़ी है, लेकिन अभी लोगों को कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करते रहना है. हिल स्‍टेशनों की यात्रा करने वाले लोग लापरवाही कर रहे हैं. वे कोविड एप्रोप्रिएट बिहेवियर (कोरोना उपयुक्‍त व्‍यवहार ) का पालन नहीं कर रहे हैं. अगर प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया गया तो प्रतिबंधों में ढील फिर रद्द हो सकती है.

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