GarhwaJharkhandRanchi

#Lockdown: विजयवाड़ा से 333 KM चले गढ़वा के 30 मजदूर, छत्तीसगढ़ बॉर्डर पर रोके गये, झारखंड सरकार से मदद की गुहार

Ranchi: पेट की आग बुझाने के लिए हजारों किलोमीटर दूर परदेस में रहकर दो जून की रोटी कमाने वाले प्रवासी मजदूर अब समस्याओं के भंवरजाल में फंसते जा रहे हैं.

घर वापस आने की बेचैनी और सरकार द्वारा साधन उपलब्ध न करा पाने की स्थिति में अपने गांव, घर अब पैदल ही चल निकले हैं. ऐसे ही 30 मजदूरों को छत्तीसगढ़ के बॉर्डर पर रोक दिया गया.

अब मजदूरों के समक्ष आसमान से गिरे और खजूर पर लटके जैसी स्थिति हो गयी है. छत्तीसगढ़ बॉर्डर पर रोके जाने वाले मजदूर गढ़वा जिले के बरडीहा प्रखंड के सलगा गांव के रहने वाले हैं.

Catalyst IAS
ram janam hospital

इनकी संख्या 30 है. ये प्रवासी मजदूर 333 किलोमीटर यात्रा पैदल पूरी कर चुके हैं. सभी मजदूर 3 मई को विजयवाड़ा से चले थे. इन्हें आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ के बॉर्डर पर सुकमा जिला में रोका गया है

The Royal’s
Pushpanjali
Pitambara
Sanjeevani

इसे भी पढ़ें – #Jharkhand में अब तक हुई 16545 कोरोना जांच, पर मई में ही करने पड़ सकते हैं 52 हजार टेस्ट

घर जाने की बेचैनी

प्रवासी मजदूरों में से धरमदेव राम बता रहे हैं वे लोग अभी छत्तीसगढ़ और आंध्रप्रदेश की सीमा पर हैं. विजयवाड़ा से चलकर वहां तक पहुंचे हैं. वे गढ़वा जिला के निवासी हैं.

वे लोग विजयवाड़ा में रोड कंस्ट्रक्शन के लिए झबली कांट्रेक्टर के पास काम करते थे

नही मिली मजदूरी

अशोक राम कहते हैं कि वे लोग जिसके यहां काम करते थे, उनके पास कुछ मजदूरी एंवं किराया बचा हुआ है पर दिया नहीं. किसी तरह जंगल के रास्ते से कोंटा (सुकमा) पहुंचे हैं जहां छत्तीसगढ़ प्रशासन ने उन्हें रोक लिया है.

पिछली रात से वे लोग खाने की व्यवस्था कर रहे हैं पर घर भेजने के लिए किसी गाड़ी की व्यवस्था नहीं कर पाये हैं. सभी 30 प्रवासी मजदूर अभी पुरी तरह स्वस्थ बताये गये हैं.

इसे भी पढ़ें – #Jharkhand: कम्युनिटी किचन में बढ़ रही कतार से मिल रही भुखमरी की आहट, 7644 भोजन केन्द्र बन रहे गवाह 

सरकार से घर वापसी की लगायी गुहार

प्रवासी मजदूर विकास यादव कहते हैं- राज्य सरकार हमें अपने घर पहुंचा दे. हमलोगो को काफी परेशानी हो रही है. खाने-पीने के साथ पैसे भी खर्च हो गये हैं. सरकार ने मदद नही की तो घर लौटना अब मुश्किल होता जा रहा है.

मजदूरों ने न्यूजविंग से अपील की कि उनका नम्बर जारी कर दिया जाये ताकि झारखंड सरकार मदद कर सके. ये हैं उनके नंबर- जितेंद्र राजवर- 8919795583 और धरमदेव राम- 6202613253.

इसे भी पढ़ें – #Giridih: आइसीयू मिल तो गया, पर अभी सिर्फ कोरोना मरीजों के लिए रिजर्व, दूसरे किसी गंभीर केस में उपयोग नहीं

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Related Articles

Back to top button