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लातेहार : बेतला नेशनल पार्क के जंगली हाथी ने एक सप्ताह में ली दो लोगों की जान, आक्रोशित महिलाओं ने वनरक्षी व ट्रैकर को पीटा

Latehar: बेतला नेशनल पार्क के जंगली हाथी ने एक बार फिर एक ग्रामीण की जान ले ली है. एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी घटना है. वारदात के बाद ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति भारी आक्रोश है. दूसरी घटना के बाद ग्रामीण महिलाओं ने ट्रैक्टर और वनरक्षी की पिटाई कर दी और जमकर हंगामा किया.

घटना छिपादोहर थाना क्षेत्र के कुचिला गांव में हुई. बेतला जंगल के रोड नंबर 5 के पास रहीम जोत (तेहाड़) जंगल में केड़ पंचायत के चुटीखाड़ निवासी जंगी सिंह का पुत्र पूरण सिंह (30) को जंगली हाथी ने पटक-पटक कर जान ले लिया. इस घटना में मृतक का भांजा बाल बाल बच गया.

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घटना के समय पूरण सिंह के साथ उसका भगिना राजेन्द्र सिंह मौजूद था. उसने आखों देखी घटना के बारे में बताया.
राजेन्द्र सिंह ने बताया कि बुधवार की शाम 5 बजे मैं और मेरा मामा पूरण सिंह केड़ से मतनाग तक टेम्पो से आये.

उसके बाद वहां से पैदल कुचिला अपने रिश्तेदार सोभन सिंह के यहां गमी में जा रहे थे. इसी क्रम में जैसे ही रहीम जोत (तेहाड़) जंगल के पास पहुंचे तो सामने दो हाथी आ गए. एक हाथी का बच्चा और बड़ा हाथी था.

पहले हाथी का बच्चा अपने सूढ़ से उस पर वार किया, जिसमें उसका साल हाथी के सूढ़ में चला गया और वह किसी तरह झाड़ी में छुप गए. लेकिन मामा वहीं पर फंस गए. इसी क्रम में बड़ा हाथी उसके मामा को पटकने लगा. करीब 8 से 10 बार पटका औऱ मार डाला.

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डर से पूरी रात जंगल में बिताई

इस घटना के डर से पूरी रात उसी झाड़ी ने छुपे रहे और सुबह होने के बाद अपना मोबाइल खोज कर कुछ लोगों को इसकी जानकारी दी. जिसके बाद गांव के लोग घटनास्थल पर पहुंचे. सूचना पर घटनास्थल पर सामाजिक कार्यकर्ता कन्हाई सिंह पहुंचे. ग्रामीणों के साथ घटनास्थल पर वन विभाग के वरीय अधिकारों को आने का एवं 10 लाख मुआवजा व परिवार के सदस्य को नौकरी की मांग की.

शव को उठाने से मना करने लगे. घंटों बाद घटनास्थल पर बेतला रेंजर प्रेम प्रसाद और छिपादोहर थाना प्रभारी विश्वजीत तिवारी सदलबल के साथ पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया.

काफी मशक्कत के बाद लोगों को समझा कर शव को उठा कर थाना लाया और कागजी प्रक्रिया के बाद पोस्मार्टम के लिए लातेहार भेज दिया.

रेंजर प्रेम प्रसाद ने बताया कि पीड़ित परिवार को फिलहाल तत्काल में 20 हजार रुपये दे कर सहायता दी गई है. आगे की प्रक्रिया पूरी कर प्रावधान के तहत 4 लाख रुपये मुआवजा दिया जाएगा.

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आक्रोशित महिलाओं ने वनरक्षी व ट्रैकर को पीटा

घटनास्थल पर जमा हुए सैकड़ों ग्रामीणों में आक्रोशित महिलाओं ने वनरक्षी नवीन कुमार प्रसाद एवं ट्रैकर सोनू यादव की पिटाई कर दी. आक्रोशित महिलाओं ने दोनों वनकर्मियों पर आरोप लगाया कि जब भी हमलोग जंगल में सूखी लकड़ी लेने आते हैं तो वन रक्षी और ट्रैकर उनकी टांगी छीन लेता है. अभद्र व्यवहार भी करता है.

महिलाओं ने कहा कि ये लोग अपने जंगल के जानवर को अपने जंगल में क्यों नहीं रखते. इनका जानवर हमलोग के गांव में आकर लोगों की जान ले रहा है.

परिवार का रो-रो कर है बुरा हाल मृतक के परिजन जब घटनास्थल पर पहुंचे तो पूरे परिवार का रो-रो कर बुरा हाल था. मृतक के 4 बच्चे हैं, जिसमें तीन बेटी व एक बेटा है.

सभी बच्चों के सर से पिता का हाथ उठ गया. मृतक पूरण सिंह मजदूरी कर अपने पूरे परिवार का भरण-पोषण करता था. वह घर में अकेला कमाऊ सदस्य था.

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