Bihar

नीतीश के बाद सुमो पर हमलावर हुए कुशवाहा, कहा- सृजन घोटाले पर भी कुछ बोलिए

Ad
advt

Patna: राष्ट्रीय लोक समता पार्टी के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने एक ओर जहां बीजेपी को सीट बंटवारे के लिए 30 नवंबर को समय दिया है. वही अब नीतीश कुमार के बाद कुशवाहा के निशाने पर बिहार के डिप्टी सीएम सुशील मोदी है. रविवार को भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी को संभवत: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का पिछलग्गू बताया. साथ ही, उनसे सृजन घोटाले पर भी कुछ बोलने के लिए कहा.

इसे भी पढ़ेंःगोलियों की तड़तड़ाहट से गूंजी सिंदरी, बाल-बाल बचे कोचिंग संचालक रंजीत सिंह

advt

नाम लिये बिना सुमो पर हमला

कुशवाहा ने सुशील मोदी का नाम लिए बगैर सिलसिलेवार ट्वीट में कहा कि कुछ लोग प्रचार के भूखे, अवसरवादी और स्वभाव से सत्तापरस्त होते हैं. उन्होंने ट्वीट किया, “कई लोग राजनीतिक पिछ्लग्गू होते है. छपास रोग से पीड़ित, मिजाज़ से अवसरवादी व घोर सत्तापरस्त…! इनकी उपयोगिता सहयोगी पार्टी/नेता के भोंपू के तौर पर बखूबी होती है. ऐसे लोग मच्छर की भांति खून पीकर अपनी ही पार्टी में मलेरिया-डेंगू फैलाते हैं, और अपना वजूद जिन्दा रखते हैं.”

इसे भी पढ़ेंःआदिवासी-मूलवासियों की सरकारी नियुक्ति में जानबूझकर छंंटनी की जाती हैः रामटहल चौधरी

advt

रालोसपा प्रमुख ने एक अन्य ट्वीट में कहा, ‘बिलकुल सच कहा आपने, हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने तो देश को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने की हर संभव कोशिश की. मगर, जरा, सृजन घोटाले पर भी तो कुछ बोलिए….?

बढ़ेगी तकरार

एक ओर जहां सीट बंटवारे को लिए रालोसपा की तकरार जारी है. वही कुशवाहा की यह टिप्पणी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के अंदर मतभेद बढ़ा सकती है. राजग 2019 के लोकसभा चुनाव के लिए राज्य में सीट बंटवारे को अंतिम रूप देने के लिए संघर्षरत है. रालोसपा प्रमुख ने कहा है कि उनकी पार्टी को जितनी सीटों की पेशकश की गई है, वह सम्मानजनक नहीं है और 30 नवंबर तक इस विषय को सुलझा लिया जाना चाहिए.

इसे भी पढ़ें- करार की मियाद पूरी, 26,000 करोड़ के प्रोजेक्ट में दो साल की देरी, 2019 में प्लांट से शुरू होना था…

उल्लेखनीय है कि उन्होंने हाल ही में राजद नेता तेजस्वी यादव और जदयू के पूर्व नेता शरद यादव से मुलाकात की है. जिसके बाद से रिश्तों में और तल्खी आयी है. इधर, पिछले महीने जदयू और भाजपा ने राज्य में बराबर सीटों पर लोकसभा चुनाव लड़ने की घोषणा की थी. हालांकि, उन्होंने सीटों की संख्या का खुलासा नहीं किया था. गठबंधन में लोजपा चौथा सहयोगी दल है.

advt
Adv

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: