West Bengal

#Kolkata : कई इलाकों में प्रदर्शन के बाद ममता ने कहा- राजनीति नहीं करें, धैर्य रखें

Kolkata : पश्चिम बंगाल के चक्रवात प्रभावित कई इलाकों में प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को लोगों से अपील की कि धैर्य बनाये रखें क्योंकि प्रशासन पानी और बिजली की आपूर्ति बहाल करने के लिए अथक प्रयास कर रहा है.

उन्होंने सरकार के खिलाफ ‘‘नकारात्मक प्रचार’’ को भी खारिज करते हुए कहा ‘‘यह समय राजनीति करने का नहीं है.’’  मुख्यमंत्री ने दक्षिण 24 परगना जिले के सर्वाधिक प्रभावित क्षेत्रों का लगातार दूसरे दिन हवाई सर्वेक्षण किया. इससे पहले उन्होंने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राज्यपाल जगदीप धनखड़ के साथ हवाई सर्वेक्षण किया था.

उन्होंने कहा, ‘‘हम इस समय चार चुनौतियों का सामना कर रहे हैं – कोविड-19, लॉकडाउन, प्रवासी मजदूरों से जुड़े मुद्दे और अब चक्रवाती आपदा.’’

इसे भी पढ़ें – #Corona: कोडरमा से 11, सिमडेगा से 4, जमशेदपुर से 3 और रांची से 2 नये कोरोना पॉजिटिव मरीज मिले, झारखंड का आंकड़ा हुआ 350

लोगों को जमीनी हकीकत समझनी चाहिए

जिले के काकद्वीप में समीक्षा बैठक करने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि चक्रवात अम्फान के कारण तबाही ‘‘राष्ट्रीय आपदा से अधिक’’ है. ममता बनर्जी ने कहा कि लोगों को ‘‘जमीनी हकीकत’’ को समझना चाहिए और सहयोग करना चाहिए.

बैठक में उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिया कि क्षेत्र में स्थिति सामान्य करने में स्थानीय लोगों का सहयोग लें. मुख्यमंत्री ने कहा कि चक्रवात अम्फान के दौरान उखड़े पेड़ों को काटने में सहयोग करने के लिए ओड़िशा सरकार सहमत हो गयी है.

इसे भी पढ़ें – 36 हजार में अन एकेडमी क्लासेस करा रहा मेडिकल-इंजीनियरिंग की एक साल की पढ़ाई, रांची के कोचिंग वसूल रहे डेढ़ से 3 लाख

यह समय राजनीति करने का नहीं

मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को निर्देश दिया कि सुनिश्चित करें कि लोगों को पर्याप्त पेयजल मिले और इस बारे में कोई शिकायत नहीं हो. मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘कोलकाता के कुछ इलाकों में चक्रवात अम्फान के बाद बिजली नहीं है और पानी आपूर्ति बाधित हुई है. मैंने सीईएससी (कलकता बिजली आपूर्ति निगम) को कम से कम दस बार फोन किया. मेरे भी फोन का नेटवर्क ठीक नहीं है… मैं घर पर टेलीविजन नहीं देख पा रही हूं.’’

ममता बनर्जी ने कहा, ‘‘लोगों को वास्तविक स्थिति को समझना चाहिए और धैर्य रखना चाहिए. आपमें से कुछ ने सरकार के खिलाफ नकारात्मक प्रचार शुरू कर दिया है. यह समय राजनीति करने का नहीं है.’’ न केवल राज्य की राजधानी बल्कि लोगों ने हावड़ा में भी पानी आपूर्ति की मांग को लेकर प्रदर्शन किया. इसी तरह की घटना दक्षिण 24 परगना के सोनारपुर में भी सामने आयी.

इसे भी पढ़ें – #Lockdown में मीडिया कंपनियों पर आया संकट, घटा राजस्व, टेलीग्राफ बंद करेगा झारखंड और नॉर्थ ईस्ट से प्रकाशन

Advertisement

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Related Articles

Back to top button
Close