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Jharkhand : पुलिस मुखबिरी के आरोप और लेवी नहीं देने पर जेजेएमपी उग्रवादियों ने सात ग्रामीणों को पीटा, तीन की हालत गंभीर

Palamu : पलामू जिले के रामगढ़ थाना क्षेत्र के सुदूरवर्ती और उग्रवाद प्रभावित नावाडीह में बुधवार की रात उग्रवादी संगठन जेजेएमपी (झारखंड जनमुक्ति परिषद) के सदस्यों ने आधा दर्जन से अधिक ग्रामीणों की पिटाई कर दी. घटना के पीछे पुलिस मुखबिरी और लेवी नहीं देना भी बताया जा रहा है. गंभीर रूप से जख्मी तीन ग्रामीणों कृष्णा राम, बिहारी सिंह एवं धर्म कुमार सिंह को इलाज के लिए एमएमसीएच में भर्ती कराया गया है. ग्रामीणों की पिटाई की सूचना मिलने पर रामगढ़ थाना प्रभारी प्रभारी प्रभात रंजन राय एमएमसीएच पहुंचे और उनका बयान लिया. पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है.

बताया जाता है कि नावाडीह में बुधवार की रात करीब 10 बजे उग्रवादी संगठन जेजेएमपी का दस्ता पहुंचा. मनरेगा के मेठ एवं उनके परिवार वालों के साथ लेवी की मांग करते हुए एवं मुखबिरी का आरोप लगाकर उनकी पिटाई शुरू कर दी.

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जख्मी कृष्णा राम ने बताया कि गांव के काशीनाथ सिंह एवं वरुण सिंह के साथ पार्टनरशिप में रामगढ़ प्रखंड से मनरेगा की दो मिट्टी मोरम सड़क योजना पास करवा कर काम करवा रहे हैं, जिसकी एक योजना में मेठ रुकमणि देवी हैं, जबकि दूसरी में सुकनी देवी.

शुरू से ही महेश सिंह, मुकुंद सिंह, उदय सिंह एवं मनोज साव काम कराना चाहते थे पर ये लोग यह काम नहीं करा सके. बाद में इन चारों ने महिलाओं को आगे कर हमेशा काम रुकवाने का प्रयास किया पर वे रामगढ़ पुलिस को सूचना देकर काम करते रहे.

मामले में असफल होने पर उन्होंने उग्रवादी संगठन जेजेएमपी से संपर्क किया और निर्माण कार्य रुकवाने का प्रयास किया. करीब 3 माह पूर्व जेजेएमपी के एरिया कमांडर रामसुंदर सिंह ने फोन कर 30 हजार लेवी की मांगी, जो नहीं दे पाए. बुधवार की रात्रि में उपरोक्त चारों के साथ करीब 10-15 जेजेएमपी उग्रवादी घर पर आ धमके.

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दरवाजा तोड़ने की कोशिश की. असफल होने पर छत से होकर अंदर घुसे और पुलिस का दलाल बोलकर पिटाई शुरू कर दी. काजल कुमारी, गांधी कुमारी, चितरंजन कुमार एवं रंजन कुमार बचाना चाहे तो उनकी भी लाठी, डंडा, राॅड एवं बंदूक के कुंदे से पिटाई की गयी.

बाद में काशीनाथ सिंह एवं वरुण सिंह के दरवाजे पर पहुंचकर टांगे से दरवाजा तोड़ने लगे. दरवाजे पर आवाज सुनकर बिहारी सिंह बाहर निकले तो उग्रवादियों ने पूछा कि काशीनाथ हो या वरुण सिंह, नहीं हो तो भागो.

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यह कहते हुए उग्रवादी बिहारी सिंह की लाठी से पिटाई करने लगे. पिता को पिटते देख पुत्र धर्म कुमार एवं पत्नी फुल कुमारी देवी बचाने पहुंची तो उनके साथ भी मारपीट की गयी.

गुरुवार की सुबह घटना की जानकारी मिलने पर रामगढ़ पुलिस घटनास्थल पर पहुंची. पीड़ितों की स्थिति की जानकारी लेकर गंभीर रूप से जख्मी कृष्णा राम, बिहारी सिंह एवं धर्म कुमार सिंह को एमएमसीएच अस्पताल लाया. जहां उनका इलाज चल रहा है. अन्य का इलाज स्थानीय स्तर पर किया गया.

रामगढ़ थाना प्रभारी प्रभात रंजन राय ने बताया कि पीड़ितों का फर्द बयान लिया गया है. मामले में कार्रवाई की जा रही है.

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