न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

झारखंड : 1 बजे तक 52.89 प्रतिशत मतदान

794

Ranchi : अंतिम चरण की वोटिंग जारी है झारखंड के तीन लोकसभा क्षेत्रों में मतदान कराए जा रहे हैं. भीषण गर्मी के बावजूद लोग मतदान करने निकल रहे हैं. झारखंड के तीन लोकसभा क्षेत्रों में दोपहर 1:00 बजे तक 52.89% मतदान हो चुका है. राजमहल दुमका और गोड्डा लोकसभा सीट के लिए मतदान हो रहे हैं.

राजमहल में सबसे अधिक 55% वोटिंग

राजमहल लोकसभा क्षेत्र में दोपहर 1:00 बजे तक 55% वोट डाले जा चुके हैं वहीं दुमका लोकसभा सीट के लिए अभी तक 53% वोटिंग हो चुकी है वहीं गोड्डा लोकसभा में भी 50 प्रतिशत से अधिक वोट डाले जा चुके हैं.

शिबू सोरेन, निशिकांत दुबे, प्रदीप यादव की साख दांव पर

राजमहल दुमका और गुड्डा सीट पर झारखंड के कई दिग्गजों के भाग्य का फैसला होना है. दुमका सीट से शिबू सोरेन के भाग्य का फैसला होना है वही गुड्डा सीट में निशिकांत दुबे और प्रदीप यादव के बीच मुकाबला है.

वहीं इससे पहले चुनाव के अंतिम चरण में झारखंड में लोकसभा की तीन सीटों के लिए रविवार को हो रहे मतदान में सुबह 11 बजे तक 28.72 प्रतिशत मतदान हुआ. निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राज्य में कुल 45,64,681 मतदाता हैं.

इसे भी पढ़ें- राजमहल, दुमका व गोड्डा लोकसभा सीट के लिए सुबह सात बजे से मतदान शुरू, 45,64,681 मतदाता देंगे वोट

कुल 42 प्रत्याशी मैदान में

पुलिस ने बताया कि तीनों लोकसभा सीटों पर कहीं से हिंसा की कोई खबर नहीं है. प्रदेश की तीन सीटों पर कुल 42 प्रत्याशी मैदान में हैं जिनमें पूर्व मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा प्रमुख शिबू सोरेन भी शामिल हैं. प्रदेश के दुमका, राजमहल और गोड्डा सीट पर मतदान हो रहा है.

चुनाव आयोग की एक विज्ञप्ति के मुताबिक, राजमहल में कुल 27.14 प्रतिशत मतदान हुआ जबकि दुमका में 28.60 प्रतिशत और गोड्डा में 30.15 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया.

झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) प्रमुख और आठ बार सांसद रहे सोरेन दुमका सीट से फिर चुनाव लड़ रहे हैं. भाजपा ने उनके खिलाफ सुनील सोरेन को मैदान में उतारा है.

इसे भी पढ़ें-  गुफा में 17 घंटे के ध्यान-साधना के बाद मोदी ने फिर केदारनाथ मंदिर में की पूजा अर्चना

लोकसभा सीट और मतदान केंद्रों की संख्या

संसदीय सीटशहरी बूथग्रामीण बूथकुल मतदान केंद्र
राजमहल12718932020
दुमका10517861891
गोड्डा25720902347
कुल48957696258

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता का संकट लगातार गहराता जा रहा है. भारत के लोकतंत्र के लिए यह एक गंभीर और खतरनाक स्थिति है. कारपोरेट तथा सत्ता संस्थान मजबूत होते जा रहे हैं. जनसरोकार के सवाल ओझल हैं और प्रायोजित या पेड या फेक न्यूज का असर गहरा गया है. कारपोरेट, विज्ञानपदाताओं और सरकारों पर बढ़ती निर्भरता के कारण मीडिया की स्वायत्तता खत्म सी हो गयी है. न्यूजविंग इस चुनौतीपूर्ण दौर में सरोकार की पत्रकारिता पूरी स्वायत्तता के साथ कर रहा है. लेकिन इसके लिए आप सुधि पाठकों का सक्रिय सहभाग और सहयोग जरूरी है. हमने पिछले डेढ़ साल में बिना दबाव में आए पत्रकारिता के मूल्यों को जीवित रखा है. पत्रकारिता के इस प्रयोग में आप हमें मदद करेंगे यह भरोसा है. आप न्यूनतम 10 रुपए और अधिकतम 5000 रुपए का सहयोग दे सकते हैं. हमारा वादा है कि हम आपके विश्वास पर खरा साबित होंगे और दबावों के इस दौर में पत्रकारिता के जनहितस्वर को बुलंद रखेंगे.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता…

 नीचे दिये गये लिंक पर क्लिक कर भेजें.
%d bloggers like this: