JamtaraJharkhandLead News

जामताड़ाः शराब के शौकीनों ने लॉकडाउन में गटक ली 2.5 करोड़ की शराब

Jamtara: कोरोना संक्रमण की वजह से लगे लॉकडाउन में लोगों के रोजगार चौपट हो चुके हैं, दो वक्त की रोटी के लिए लोगों को सोचना पड़ रहा है वहीं जामताड़ा के लोग घर बैठे ढाई करोड़ रुपये की दारु डकार गए. सिर्फ इस जून महीने में डेढ़ करोड़ रुपये का शराब जामताड़ा जिला में बिका है. कोरोना काल में शराब का व्यवसाय जामताड़ा में खूब फला फूला.

कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में लगे लॉकडाउन के तीन महीने में शराब का व्यवसाय जामताड़ा में खूब फला फूला, घर बैठे लोगों ने खूब पीया. मानो शराब के शौकीनों ने सरकार को आर्थिक मजबूती देने की ठान ली है. इससे सरकार को भी खूब आमदनी हुई.

सरकार को इस वित्तीय वर्ष 2021 के अप्रैल, मई व जून माह तक मात्र 3 महीने में ही 2.5 करोड़ रुपये की कमाई हुई. विभाग की मानें तो संपूर्ण लॉकडाउन की वजह से जिले में महीनों तक शराब दुकानें बंद थी.

advt

अगर नियमित रूप से दुकानें खुली होती तो और अधिक राजस्व का संग्रह हो सकता था. वहीं शराब दुकान खुलने के समय बंद के कारण भी राजस्व वसूली कम हुई है.

इसे भी पढ़ें :आरजेडी का दावा, जेडीयू में मचा है घमासान, कई नेता नाराज

adv

वित्तीय वर्ष 2020-21 में जिला को 28 करोड़ का मिला है लक्ष्य

इस वित्त वर्ष 2020-21 में जामताड़ा जिला को 28 करोड़ रुपये राजस्व वसूली का लक्ष्य दिया गया है. जिसमें से अब तक ढाई करोड़ से अधिक की राशि वसूली कर ली गई है. बीते वित्तीय वर्ष कोविड 19 का दौर था.

फिर भी जामताड़ा जिला का 27 करोड़ रुपए राजस्व वसूली के लक्ष्य के विरुद्ध 16 करोड़ रुपये की राजस्व वसूली किया गया था. यह ऐसे दौर थे जब कोविड-19 संक्रमण की वजह से जामताड़ा जिला संपूर्ण लॉक डाउन की मार झेल रहा था.

इसे भी पढ़ें :नीतीश कैबिनेट का फैसला, जेल में बंद कैदी समय से पहले होंगे रिहा

स्वीकृत 41 दुकानों में 28 खुले

जामताड़ा जिले में स्वीकृत शराब दुकानों की संख्या 41 है, जिसमें से मात्र 28 दुकान ही खोले गए हैं. जबकि 13 दुकान अभी भी खाली पड़े हुए हैं. खोले गए 28 दुकानों में देसी शराब की 7 दुकानें, विदेशी शराब की 10 दुकानें और कंपोजिट शराब की 11 दुकानें शामिल है.

जबकि जिले में देसी शराब की 12 स्वीकृत दुकानें हैं. विदेशी शराब की 14 स्वीकृत दुकानें हैं और कंपोजिट शराब की 15 स्वीकृत दुकान है.

क्या कहते हैं अधिकारी

उत्पाद अवर निरीक्षक डीएल सोरेन ने कहा कि जिले में इस वित्तीय वर्ष में ढाई करोड़ रुपए के राजस्व की वसूली हो चुका है. कहा कि जिले में 13 शराब की दुकानें खाली पड़ी हुई है. दुकान महंगी होने के कारण टेंडर नहीं भरा गया. वित्तीय वर्ष 2021-22 में 28 करोड़ रुपये राजस्व वसूली का लक्ष्य जामताड़ा को मिला है.

इसे भी पढ़ें :DU Admission : दिल्ली यूनिवर्सिटी में ग्रेजुएट कोर्स के लिए 2 अगस्त से रजिस्ट्रेशन, जानें डिटेल

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: