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Jamtara: अवैध सफेद मिट्टी उत्खनन के दौरान धंसी चाल, तीन महिलाओं का शव बरामद

रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

Jamtara: सफेद मिट्टी के अवैध उत्खनन के दौरान हुए हादसे में तीन महिलाओं की मौत हो गयी. चाल धंसने से तीन महिलाओं की जान चली गई. घटना जामताड़ा के नारायणपुर प्रखंड की है. नारायणपुर प्रखंड के मंझलादिह में सफेद मिट्टी की पहाड़ी में कई महिलाएं अवैध उत्खनन में गई थी.

अचानक मिट्टी के चाल धंसने से महिलाएं मलबे में दब गई. इसकी सूचना ग्रामीणों को हुई तो प्रशासन को जानकारी दी गयी. सूचना पाकर प्रशासन जेसीबी मशीन के साथ घटनास्थल पर पहुंचा. रेस्क्यू के दौरान खबर लिखे जाने तक तीन महिलाओं का शव निकाला जा सका है. प्रशासन अभी भी रेस्क्यू ऑपरेशन में लगा हुआ है. ग्रामीणों का कहना है कि अभी भी और महिलाएं दबी हुई हैं.

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प्रशासन के डर से परिजनों ने शव को नहीं पहचाना

बता दें कि प्रशासन के डर से मृतकों की उनके घर वालों ने पहचान नहीं की है. पुलिस ने शव को एंबुलेंस से जामताड़ा भेजा दिया है. जहां इनका पोस्टमार्टम होगा. जब किसी ने शव की नहीं पहचान नहीं कि तक प्रशासन को कहना पड़ा कि शव की शिनाख्त करें, किसी के खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं होगा.

इधर घटना की सूचना पाकर डीसी फैज अक अहमद घटनास्थल पर पहुंचे. डीसी ने घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि मृतक के परिवार को पारिवारिक लाभ के तहत मदद दी जाएगी. साथ ही उन्होंने सफेद मिट्टी के पहाड़ को बंद करने की बात कही. कहा, पहाड़ी पर पुलिस की निगरानी रहेगी.

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पुलिस-प्रशासन पर भी उठ रही उंगली

इस कांड के बाद अब पुलिस-प्रशासन पर भी उंगली उठ रही है. बीते दो दिन पहले अवैध सफेद मिट्टी उत्खनन की खबर स्थानीय समाचार पत्रों में प्रमुखता से प्रकाशित की गई. लेकिन नारायणपुर थाना की पुलिस ने कोई संज्ञान नहीं लिया. और सोमवार को इतनी बड़ी दुर्घटना घटी.

गोविंदपुर साहेबगंज सड़क किनारे सफेद मिट्टी का पहाड़

बता दें कि सफेद मिट्टी का पहाड़ गोविंदपुर साहेबगंज हाइवे सड़क किनारे मौजूद है. हर दिन महिलाएं चोरी छिपे मिट्टी का अवैध उत्खनन करने पहुंचती हैं. नारायणपुर प्रखंड के कई गांव की महिलाएं मिट्टी खोदने के लिए जाती है. जानकारों का कहना है कि मिट्टी 20 से 25 रुपये किलो की दर से बिकती है. सूत्र का कहना है कि इसके लिए गिरिडीह से खरीददार भी आते है. गरीबी के कारण अक्सर महिलाएं इस पेशा से लंबे समय से जुड़ी हुई है.

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