न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

वियतनाम में स्किल सेंटर खोलने का मिला आमंत्रण, अमीरात ड्राइविंग इंस्टीट्यूट रांची में खोलेगा सेंटर

19

Ranchi : गुरुवार को ग्लोबल स्किल समिट में सरकार ने राज्य के एक लाख छह हजार युवाओं को नियुक्ति पत्र बांटे. इस दौरान कई देशों के राजदूत भी मौजूद थे. इनमें वियतनाम के राजदूत फाम सैन्ह चाउ ने झारखंड की तर्ज पर सरकार को वियतनाम में भी स्किल सेंटर खोलने का आमंत्रण दिया. वहीं, यूएई के अमीरात ड्राइविंग स्कूल के सीओओ ने बताया कि यूएई की आर्थिक मजबूती के पीछे भारतीय श्रमिकों का महत्वपूर्ण योगदान है. यूएई को भारत के 50 हजार ड्राइवरों की जरूरत है. इसके लिए भारत के युवाओं को ट्रेनिंग दी जायेगी, रांची में ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर की भी स्थापना करने की अली अल जाबी ने घोषणा की.

गरीबी की कोई जाति नहीं होती : धर्मेंद्र प्रधान

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि बुधवार को देश में एक नये अध्याय का सूत्रपात हुआ है. संविधान बनानेवाले महापुरुषों ने समाज के वंचित तबके के लिए आरक्षण की व्यवस्था की थी. सामाजिक पिछड़ेपन एवं शिक्षा के अभाव के कारण जाति आधारित आरक्षण की व्यवस्था संविधान में की गयी थी. आजादी के 70 दशक के बाद देश में अभूतपूर्व बदलाव हुआ है. उन्होंने कहा कि गरीबी की कोई जाति नहीं होती. गरीबी अभिशाप है और गरीबी के आधार पर आरक्षण की व्यवस्था सरकार ने की है. इसके लिए 124वां संविधान संशोधन करके 10% आरक्षण भारत के गरीब सवर्णों के लिए सुनिश्चित किया जायेगा.

कोई भी काम छोटा या बड़ा नहीं होता : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री ने नियुक्ति पत्र प्राप्त करनेवाले युवाओं से अपील की कि कोई भी काम छोटा या बड़ा नहीं होता है. जो भी नौकरी मिले, उसे मन लगाकर करें. संकल्प से ही सिद्धि मिलती है. देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संकल्प लेकर काम करना शुरू किया है. यही कारण है कि आज हमारा देश पूरे विश्व में अपनी अमिट पहचान बनाने में सफल रहा है. मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि झारखंड राज्य के बच्चे बहुत ही परिश्रमी और अनुशासित हैं.

सेंचुरियन यूनिवर्सिटी के साथ हुआ एमओयू, झारखंड में स्किल यूनिवर्सिट खोलेगी

राज्य सरकार ने कुल आठ एमओयू किये हैं. एक एमओयू सेंचुरियन यूनिवर्सिटी के साथ भी किया गया. सेंचुरियन यूनिवर्सिटी राज्य में स्किल यूनिवर्सिटी खोलने की दिशा में काम करेगी. इसके अलावा जो अन्य एमओयू किया गया, उसमे केंपी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, स्नाइडर, बीएसडीयू, हेटिच, ईस्ट ऑटो, सेंचुरियन यूनिवर्सिटी के साथ राज्य सरकार ने एमओयू किये.

न साइकिल थी न फ्रिज, मेरे पास हुनर था, इसलिए देश के लिए खेला

मंच का संचालन चारु शर्मा और एक्टर रोहित रॉय ने किया. वहीं पूर्व क्रिकेटर चेतन चौहान ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया. संबोधित करते हुए चेतन चौहान ने कहा कि न मेरे घर में साइकिल थी, न फ्रिज मेरे में हुनर था, इसलिए मैं देश के लिए खेला. 1986 में मेरे लास्ट बॉल पर जावेद मियांदाद ने छक्का मारा था, उसके बाद मेरा गली-गली में निकलना मुश्किल हो गया था. उसके बाद मैं उससे उबरा और 1987 में मैंने हैट्रिक लिया. अगर मैं उसी परिस्थिति में रहता और बाहर न निकलता, तो दुनिया का हैट्रिक लेनेवाला पहला खिलाड़ी नहीं बनता. युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि देश के लिए करने में कुछ खुशी मिलती है. हम कुछ ऐसा करें कि देश के काम आये, देश में आपका नाम हो.

मॉरिशस के राजदूत ने हिंदी में कहा- मातृभाषा कभी नहीं भूलनी चाहिए

मॉरिशस के राजदूत जगदीश्वर गोवर्धन ने हिंदी में संबोधित करते हुए कहा कि हमें अपनी मातृभाषा कभी नहीं भूलनी चाहिए. मॉरिशस की संस्कृति भी भोजपुरी संस्कृति से मेल खाती है. उन्होंने कहा कि भले ही मेरा जन्म मॉरिशस में हुआ है, पर मेरी पुण्य भूमि उत्तर प्रदेश है. उन्होंने कहा कि मॉरिशस में भोजपुरिया लोग ही 50 साल से राज कर रहे हैं. उन्होंने प्रवासी भारतीय की मान्यता मिलने पर प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद दिया. उन्होंने बताया कि मॉरिशस में अब यूनिवर्सिटी शिक्षा भी फ्री में दी जायेगी. ग्रेजुएट्स को मासिक स्टाइपेंड भी सरकार देती है. शिक्षा बेहतर है, इसलिए हम आर्थिक आधार पर विश्व में 20वें स्थान पर हैं. मॉरिशस में वर्ल्ड हिंदी सेक्रेटरिएट की भी स्थापना की गयी है.

इसे भी पढ़ें- स्किल समिट में नौकरी लेने आये युवाओं ने कहा- बेवकूफ बना रही सरकार

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Comments are closed.

%d bloggers like this: