National

स्वतंत्रता आंदोलन में सावरकर के योगदान को सराहा था इंदिरा गांधी ने, स्वामी  ने पत्र जारी कर कांग्रेस को घेरा

ब्रिटिश सरकार के खिलाफ वीर सावरकर की हिम्मत भरी ललकार का भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में अपना अहम स्थान है. मैं भारत के इस असाधारण बेटे की जयंती के शताब्दी वर्ष के जश्न की सफलता की प्रार्थना करती हूं.

NewDelhi : हमें 9 मई 1980 की आपकी चिट्ठी मिली. ब्रिटिश सरकार के खिलाफ वीर सावरकर की हिम्मत भरी ललकार का भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में अपना अहम स्थान है. मैं भारत के इस असाधारण बेटे की जयंती के शताब्दी वर्ष के जश्न की सफलता की प्रार्थना करती हूं.इंदिरा गांधी ने पीएम रहते हुए सावरकर के बारे में यह पत्र लिखा था.

Jharkhand Rai

Samford

इसे भी पढ़ें : कोरोना अपडेट : भारत में संक्रमण के 48,648 नए मामले सामने आये, ठीक होने की दर 91% के पार

इंदिरा गांधी की सावरकर की तारीफ वाला यह पत्र शेयर किया

बता दें कि भाजपा नेता और राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी  ने ट्विटर पर पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की सावरकर की तारीफ वाला यह पत्र शेयर किया है. साथ ही उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी ने पीएम रहते हुए पत्र में सावरकर के बारे में यह लिखा था, क्या TDK (सोनिया गांधी) के पास कोई जवाब है?

सुब्रमण्यम स्वामी ने अपने ट्वीट में TDK का जिक्र किया है, कहा जाता है कि स्वामी यह शब्द कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के लिए इस्तेमाल करते हैं. सावरकर को लेकर  फिर कांग्रेस पर निशाना साधने वाले सुब्रमण्यम स्वामी पहले भी सावरकर  के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरते रहे हैं.

इसे भी पढ़ें : पुलवामा हमला फिर सुर्खियों में, पाक के कबूलनामे पर पीएम मोदी ने विपक्ष को लताड़ा, कहा चेहरा उजागर हो गया

अशोक स्तंभ की तस्वीर वाले पत्र में प्राइम मिनिस्टर ऑफ इंडिया लिखा है

स्वामी ने जिस पत्र को ट्विटर पर शेयर किया है, उस पर 20 मई 1980 की तिथि है. इसमें कहा गया है, हमें 9 मई 1980 की आपकी चिट्ठी मिली. ब्रिटिश सरकार के खिलाफ वीर सावरकर की हिम्मत भरी ललकार का भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में अपना अहम स्थान है. मैं भारत के इस असाधारण बेटे की जयंती के शताब्दी वर्ष के जश्न की सफलता की प्रार्थना करती हूं.

अशोक स्तंभ की तस्वीर वाले पत्र में प्राइम मिनिस्टर ऑफ इंडिया लिखा है, जो  इसके प्रधानमंत्री कार्यालय से जारी होने की ओर इशारा करती है. चिट्ठी के अंत में इंदिरा गांधी के हस्ताक्षर भी हैं.  कथित चिट्ठी इंदिरा गांधी ने स्वतंत्रयावीर सावरकर राष्ट्रीय स्मारक, बॉम्बे के तत्कालीन सचिव पंडित बाखले को लिखी थी.

, यह पहली बार नहीं है, जब स्वामी ने वीर सावरकर के बचाव  में अपना पक्ष रखा है. जान लें कि पिछले साल जब राहुल गांधी ने चुनाव प्रचार के दौरान सावरकर पर सार्वजनिक मंच से निशाना साधा था, तब स्वामी ने कहा था कि राष्ट्रपति महात्मा गांधी खुद सावरकर को श्रद्धांजलि देते थे और उनसे आजादी हासिल करने के मुद्दे पर बात किया करते थे. उनके रास्ते जरूर अलग थे, पर दोनों ही अपने रास्तों पर उभरे. इंदिरा गांधी ने उनके सम्मान में स्टाम्प तक जारी किया था.

इसे भी पढ़ें :  महज शादी के लिए धर्म परिवर्तन नहीं कर सकते, इलाहाबाद हाई कोर्ट का अहम फैसला

 

Advertisement

Related Articles

Back to top button
%d bloggers like this: