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#IndiaFightsCornona: पलामू में दूर होगी गेहूं की किल्लत, पंजाब से 42 वैगन में आया 26 हजार क्विंटल गेहूं

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Palamu : पलामू, गढ़वा एवं लातेहार जिले में दिन दिनों खाद्यान्न (गेहूं) की किल्लत है. इस कमी को दूर करने के लिए पंजाब से एक रैक गेहूं डालटनगंज स्टेशन पर लाया गया. मालगाड़ी के 42 बीसीएन वैगन में गेहूं भरे हुए थे.

डालटनगंज रेलवे स्टेशन पर रैक लगने के बाद मजदूरों को लगाकर सारी गेहूं की बोरियां एफसीआई के गोदाम में भेजा गया. विदित हो कि लाॅक डाउन के बाद पलामू प्रमंडल में गेहूं और आटा का शॉर्टेज चल रहा है. हर कोई गेहूं और आटा की मांग कर रहा है.

तीन महीने दस दस किलो दिया जाना है निःशुल्क खाद्यान्न

कोरोना वायरस को देखते हुए केन्द्र सरकार की ओर से अगले तीन महीने तक दस दस किलो प्रत्येक कार्डधारी को खाद्यान्न (गेहूं या चावल) पीडीएस के माध्यम से दिया जाना है. अभी हर गरीब को पांच-पांच किलो अनाज दिया जा रहा है.

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लेकिन केन्द्र सरकार ने आपदा को देखते हुए पांच पांच किलो अतिरिक्त अनाज देने का निर्णय लिया गया है. यानि कुल 10 किलो चावल या गेहूं देने की योजना है. इसके तहत पलामू सहित पूरे देश में 80 करोड़ लोगों को फायदा पहुंचेगा.

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आसानी से मिल सकेगा गेहूं चावल

गेहूं से भरे इस रैक के आने के बाद अगले महीने के प्रथम सप्ताह में दो और रैक (गेहूं और चावल) पहुंचेगा. इसके साथ ही पीडीएस के माध्यम से खाद्यान्न लोगों को दिया जायेगा.

26 हजार क्विंटल गेहूं पहुंचा है: एफसीआइ एरिया मैनेजर

राज्य खाद्य निगम के मेदिनीनगर एरिया मैनेजर प्रेम लाल एक्का ने बताया कि एक रैक के 42 वैगन में भरे 26 हजार क्विंटल गेहूं उतारा गया है. सारे गेहूं गोदाम में भेज दिये गये हैं.

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जैसे-जैसे पलामू, गढ़वा और लातेहार प्रशासन का आर्डर आयेगा, गेहूं की आपूर्ति शुरू कर दी जायेगी.

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रेलवे है सजग : एसएम

आपदा की स्थिति में भारतीय रेलवे 24 घंटे सेवा दे रही है. डालटनगंज एसएम अनिल कुमार तिवारी ने कहा कि कोविड-19 को देखते हुए पूरी ऐहतियात बरतने के बाद मजदूरों को गेहूं उतारने के कार्य में लगाया गया.

अनलोडिंग पार्टियों द्वारा लेबर से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए गेहूं उतारा गया. सभी को मास्क दिये गये और हाथ सैनिटाइजर और साबुन से धुलाये गये.

आवश्यक सामानों की आपूर्ति हेतु रेलकर्मी रात दिन लगे हुए हैं, ताकि देश चलता रहे तथा लोगों को आवश्यक सामानों की आपूर्ति होती रहे.

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