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ग्रामीण विकास विभाग में OSD की नियुक्ति में EWS कोटे को आरक्षण का लाभ नहीं, अभ्यर्थियों ने उठाया सवाल

विभाग का दावा- नहीं मिले योग्य कैंडिडेट

Ranchi : ग्रामीण विकास विभाग में कॉन्ट्रैक्ट पर 7 पदों पर नियुक्ति की जानी है. इसमें OSD (विशेष कार्य पदाधिकारी) के लिए 2 पद तय किये गये हैं. इसमें से एक पद अनारक्षित है जबकि एक अन्य पद आर्थिक रूप से कमजोर (EWS) कैंडिडेट के लिए है.

पर EWS कैंडिडेट के मामले में नियमों को दरकिनार किया जा रहा है. विभाग में नौकरी की आस लगाये बैठे कैंडिडेट्स अब इस पर सवाल उठा रहे हैं. हालांकि इस केस में विभाग का दावा है कि इसके लिए आवेदन करनेवाला कोई भी कैंडिडेट शर्तों के अनुरूप नहीं मिला है.

35 साल की उम्र के नीचे ग्रामीण विकास विभाग में गजेटेड पद पर 5 साल का अनुभव प्राप्त एक भी उम्मीदवार नहीं है. सो इस कैटेगरी के किसी उम्मीदवार को इंटरव्यू के लिए नहीं बुलाया गया है.

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18 दिसंबर से 22 दिसंबर तक इंटरव्यू

ग्रामीण विकास विभाग में मनरेगा कोषांग के लिए 2 विशेष कार्य पदाधिकारी की नियुक्ति की जानी है. इसके अलावा कार्यपालक अभियंता (1), सहायक वन संरक्षक (1), सहायक (1), कंप्यूटर प्रोग्रामर (1) और एकाउंटेंट (1) के लिए इसी साल जुलाई में विज्ञापन जारी हुआ था. 7 अगस्त तक आवेदन मंगाये गये थे. इन पदों के लिए 996 आवेदन मिले. जानकारी के अनुसार विभाग की ओर से 18 दिसंबर, 20 दिसंबर औऱ 22 दिसंबर को इंटरव्यू तय किया जा चुका है.

कार्मिक विभाग के प्रावधानों का उल्लंघन

ओएसडी के लिए आवेदन करनेवाले कैंडिडेटों का कहना है कि साक्षात्कार में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के एक भी अभ्यर्थी का सेलेक्शन नहीं किया गया है. इसके लिए एक सीट रिजर्व थी. विभाग के द्वारा बनायी गयी मेरिट लिस्ट में सिलेक्टेड अभ्यर्थी बिहार और यूपी जैसे राज्यों से हैं.

कार्मिक विभाग का प्रावधान है कि संविदा पर नियुक्ति स्थानीय लोगों से ही की जाये. इसका उल्लंघन किया जा रहा है. विभाग द्वारा जारी विज्ञापन में भी कहा गया है कि जो कैंडिडेट आवेदन करेंगे, उनका झारखंड का निवासी होना जरूरी है. आवेदन करते समय सक्षम स्तर से निर्गत रेसिडेंशियल सर्टिफिकेट औऱ जाति प्रमाण पत्र (जहां जरूरी हो) भी लगाना होगा.

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रिटायर्ड को दोहरा लाभ

कार्मिक विभाग के संकल्प के अनुसार सामान्य वर्ग के ऐसे लोग जिनके परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये सालाना से कम है, उन्हें आर्थिक रूप से कमजोर परिवार मानते हुए आरक्षण का लाभ दिया जायेगा. ऐसी कैटेगरी में आनेवालों के लिए 10 प्रतिशत तक आरक्षण की व्यवस्था तय है.

जानकारी के मुताबिक ओएसडी के पद के लिए EWS कैटेगरी में जो कैंडिडेट इंटरव्यू में शामिल हो रहे हैं, वे प्रशासनिक सेवा से रिटायर हो चुके हैं. सालाना उनकी आय़ 8 लाख से ऊपर रही है. साथ ही उन्होंने आवेदन के समय आवासीय प्रमाण पत्र भी नहीं दिया था.

इसके विपरीत विभिन्न सरकारी विभागों में 10-10 सालों का कार्यानुभव रखनेवाले और महत्वपूर्ण पदों का संविदा पर दायित्व संभालने वाले युवाओं के लिए EWS का लाभ बेमानी है. यानी प्रतिभावान युवा बेरोजगार ही रहेंगे, रिटायर्ड कर्मी पेंशन और नौकरी का दोहरा लाभ लेने में सफल रहेंगे.

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