न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

इग्नू से अब नहीं कर पायेंगे बीएड समेत 100 से ज्यादा कोर्सेज

7,002

Ranchi : डिस्टेंस एजुकेशन काउंसिल (डीईसी) से इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) को झटका मिला है. डीईसी नोटिफिकेशन के मुताबिक इग्नू में इस सत्र 2018-19 के लिए केवल 42 पाठ्यक्रमों में ही नये दाखिले लिये जा सकते हैं. इससे पहले इग्नू में 150 से ज्यादा कोर्सेज चल रहे थे. लेकिन, अब 100 से ज्यादा पाठ्यक्रमों पर रोक लगा दी गयी है. इग्नू के बीएड कोर्स में भी नये सत्र में नामांकन की अनुमति डीईसी ने नहीं दी है.

इसे भी पढ़ें- सीएम की अध्यक्षता वाली विकास परिषद के सीईओ अनिल स्वरूप ने सरकार की कार्यशैली और ‘विकास’ पर उठाया…

झारखंड में 50 सीटों पर बीएड में होता है नामांकन

इग्नू के क्षेत्रीय कार्यालय रांची में बीएड कोर्स में 50 सीटों पर नामांकन लिया जाता है. दो सत्र में कुल 100 सीटों पर नामांकन होता है. डीईसी द्वारा रोक लगाये जाने के बाद इग्नू के रांची क्षेत्रीय कार्यालय से बड़ी संख्या में बीएड कोर्स करनेवाले छात्रों को इस सत्र में नामांकन नहीं मिलेगा. डीईसी के इस नोटिफिकेशन के कारण वर्किंग टीचर्स को झटका लगा है, क्योंकि झारखंड में इग्नू के माध्यम से ही वे बीएड कर पाते थे.

इसे भी पढ़ें- स्वास्‍थ्‍य विभाग में शीघ्र बम्पर भर्ती : रघुवर दास

फर्जी कोर्स को लेकर डीईसी ने जारी किया नोटिफिकेशन

देश के कई राज्यों की ओपन यूनिवर्सिटी द्वारा फर्जी तरिके से कोर्स चलाये जाने पर डीईसी ने लगभग 25 ओपन यूनिवर्सिटी को नोटिस जारी किया है कि वे अपने संस्थानों में बीएड जैसे कोर्स अब नहीं चला सकते हैं. ज्ञात हो कि कनार्टका ओपन यूनिवर्सिटी जैसे विश्वविद्यालय में फर्जी तरीके से बीएड कोर्स चलाने की सूचना डीईसी को मिली थी. इसके बाद यूजीसी की बॉडी डीईसी ने कई यूनिवर्सिटी के कोर्स की समीक्षा करने के बाद यह निर्णय लिया है.

इसे भी पढ़ें- फादर स्टेन ने कहा – सिर्फ मिशनरी ही नहीं बल्कि सभी NGO की हो CID जांच, प्रतुल ने कहा – आखिर क्या गुल…

क्या कहते हैं अधिकारी

इग्नू के सहायक क्षेत्रीय अधिकारी रागिनी कुमारी के मुताबिक अभी इस संबंध में पूरी सूचना नहीं आयी है, लेकिन प्राथमिक तौर पर जो बात हुई है, उससे साफ है कि जल्द ही हमारे बाकी पाठ्यक्रमों को भी मान्यता मिल जायेगी. बीएड कोर्स के लिए झारखंड में 50 सीटें हैं, जल्द ही डीईसी से इसकी मान्यता मिल जायेगी. डीईसी का यह कदम निजी विश्वविद्यालयों पर लगाम लगाने की एक प्रक्रिया है, इग्नू के अधिकारी लगातार इस दिशा में डीईसी के संपर्क में हैं, ताकि बीएड जैसे कोर्स को मान्यता मिल जाये.

न्यूज विंग एंड्रॉएड ऐप डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पेज लाइक कर फॉलो भी कर सकते हैं.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like
क्या आपको लगता है हम स्वतंत्र और निष्पक्ष पत्रकारिता कर रहे हैं. अगर हां, तो इसे बचाने के लिए हमें आर्थिक मदद करें.
आप अखबारों को हर दिन 5 रूपये देते हैं. टीवी न्यूज के पैसे देते हैं. हमें हर दिन 1 रूपये और महीने में 30 रूपये देकर हमारी मदद करें.
मदद करने के लिए यहां क्लिक करें.-

you're currently offline

%d bloggers like this: