न्यूज़ विंग
कल का इंतज़ार क्यों, आज की खबर अभी पढ़ें

डीएवी स्कूल मुगमा को बंद करने की उच्चस्तरीय जांच समिति ने की अनुशंसा

130

Dhanbad :  डीएवी मुगमा का अस्तित्व कहीं कागज पर नहीं है. इसकी मान्यता से संबंधित कोई कागजात भी नहीं मिला है. डीएवी मुगमा स्कूल नियम के विपरीत चल रहा है, यह आश्चर्यजनक है. इसके बाद में राज्य सरकार की ऊंचस्तरीय जांच समिति ने सिर्फ इस विद्यालय को बंद करने की अनुशंसा कर छुट्टी पा ली है. आश्चर्यजनक तो यह है कि प्रधानमंत्री कार्यालय को स्कूल के एक छात्र के अभिभावक ने शिकायत की. इस शिकायत पर राज्य सरकार के स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता सचिव एपी सिंह ने तीन सदस्यी जांच समिति बनाई. समिति ने पाया कि यह स्कूल आरटीई के नार्म्स का पालन नहीं करता. इस स्कूल के संचालन का जिला शिक्षा पदाधिकारी का एप्रूवल नहीं है और न ही कोई मान्यता है. जांच समिति ने जांच रिपोर्ट पीएमओ को भेजी है. चीफ सेक्रेटरी के साथ जिले के अधिकारी को भी भेजी है. समिति ने स्कूल को नोटिस भेजने और इसका संचालन बंद करने की अनुशंसा की है.

 इसे भी पढ़ें : जिले के 210 गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों से सालाना एक करोड़ रुपये की वसूली

Trade Friends
WH MART 1

नोटबंदी के समय भी स्कूल प्रबंधन को भेजा गया था नोटिस

नोटबंदी के दौरान बहुत अधिक बड़े नोट जमा कराने पर आयकर विभाग ने डीएवी स्कूल प्रबंधन झारखंड के खाते को संदिग्ध सूची में रखा था. इसकी जांच भी हुई और इस संबंध में विभाग ने नोटिस भी दिया. सूत्र बताते हैं कि खाते में समिति के कई निदेशकों ने कालाधन को सफेद बनाने के लिए बड़े नोट जमा कराये थे. मामले को प्रधान आयकर आयुक्त रहे तापस कुमार घोष और उनकी टीम के सदस्यों के मार्फत मैनेज करने की कोशिश की गयी थी. बताते हैं कि इस मामले में कार्रवाई से बेचैन होकर डीएवी स्कूल ने अभी दो माह पहले अचानक सारा लेनदेन डिजिटल कर दिया. ऐसा आयकर विभाग में अपने शुभचिंतक की सलाह पर प्रबंधन ने किया. समझा जाता है कि स्कूल प्रबंधन अपनी सेटिंग से आयकर विभाग से क्लीन चीट लेने में लगा है.

हमें सपोर्ट करें, ताकि हम करते रहें स्वतंत्र और जनपक्षधर पत्रकारिता...

kohinoor_add

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

You might also like