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नर्सिंग कोर्स पूरा करनेवाली युवतियों को हेमंत सोरेन ने बांटा नियुक्ति पत्र

♦स्वास्थ्य के क्षेत्र में राज्य की बच्चियां बनायेंगी अलग पहचान बनायेंगीः हेमंत सोरेन

Jharkhand Rai

Ranchi : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्यक एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की एसपीवी प्रेझा फाउंडेशन द्वारा संचालित चान्हो नर्सिंग कौशल कॉलेज की छात्राओं के बीच नियुक्ति पत्र वितरित किया. इस मौके पर उन्होंने कहा कि आपका प्रशिक्षण पूरा हुआ. जिसकी परिकल्पना आप सभी ने की थी. वह भी पूर्ण हुआ. यह हर्ष का दिन है. यह सुखद है कि आप सभी पढ़ लिख कर झारखंड के अतिरिक्त देश के विभिन्न राज्यों में स्वास्थ्य के क्षेत्र में अलग पहचान बनायेंगी. अपने भविष्य को सुनहरा बनाने में यह प्रशिक्षण आपके लिए मील का पत्थर साबित होगा.

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स्वास्थ्य के क्षेत्र में बनायेंगी अलग पहचान

मुख्यमंत्री ने कहा कि रांची के चान्हो के अतिरिक्त चाईबासा, सरायकेला, साहेबगंज में भी बच्चियों को नर्सिंग का प्रशिक्षण दिया जा रहा है. जल्द ही वहां की भी हुनरमंद बच्चियां आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर होंगी. आनेवाले समय में स्वास्थ्य के क्षेत्र में झारखंड की बच्चियां अलग पहचान बनायेंगी. यह हमारा विश्वास है. साथ ही कहा कि प्रेझा फाउंडेशन ने स्वास्थ्य सेवा में कड़ी जोड़ने का कार्य किया है. कोरोना संक्रमण के दौर में विश्व स्तरीय लेबोरेटरी की स्थापना प्रेझा द्वारा की गयी. कई युवक-युवतियों को अवसर प्रदान कर उनकी बेहतरी के लिए कार्य किया है. प्रेझा ने शिक्षा के साथ-साथ रोजगार के क्षेत्र में भी सराहनीय काम किया है.

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बेहतरी का प्रयास होता रहेगा

वहीं कल्याण मंत्री चंपाई सोरेन ने कहा कि चान्हो नर्सिंग कॉलेज की छात्राओं का प्रशिक्षण पूर्ण हुआ. आज उन्हें नियुक्ति पत्र मिल रहा है. राज्य के विभिन्न जिलों में बच्चियों को प्रशिक्षण देने का कार्य निरंतर संचालित है. इसे और बेहतर करना है, ताकि गरीब परिवार की बच्चियों को अवसर मिले और वे आत्मनिर्भर बन सकें. इन छात्राओं को सेवा करने का अवसर मिलेगा.

आर्थिक स्वावलंबन की राह में 111 युवतियां

नर्सिंग का प्रशिक्षण पूरा कर चुकी 111 युवतियां अब आर्थिक स्वालंबन की ओर बढ़ चुकी हैं. ये प्रशिक्षण प्राप्त नर्सें पुणे, बेंगलुरु, मुंबई, दिल्ली और झारखंड के अस्पतालों में अपनी सेवा देंगी. इनमें से 60 नर्स अपोलो ग्रुप, 31 नर्स नाइन क्लाउड हॉस्पिटल एवं 20 नर्स मेदांता व अन्य अस्पतालों से जुड़ेंगी.

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