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Pune में #HeavyRain का कहर, 10 हजार से ज्यादा लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाये गये, 12 लोगों की मौत

Pune : महाराष्ट्र के पुणे जिले के विभिन्न क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश के बाद बाढ़ आने और दीवार गिरने की अलग-अलग घटनाओं में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गयी है. अधिकारियों ने गुरुवार को यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि बुधवार रात में पुणे में भारी बारिश के बाद करीब 10, 500 से ज्यादा लोगों को पानी भरी जगहों से बाहर निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया.

सीएम देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि वह पुणे में हुई बारिश के बाद लोगों की मौत की खबर सुनकर दुखी हैं. बताया कि राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की टीमें शहर और बारामती तहसील में तैनात की गयी हैं.

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दरगाह पर सो रहे पांच लोग भारी बारिश में बह गये

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प्रभावित क्षेत्रों में सभी जरूरी सहायता मुहैया कराई जा रही है. जलजमाव को देखते हुए पुणे की कई तहसील में स्कूल और कॉलेज बंद कर दिये गये हैं. इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संदीप पाटिल ने कहा कि खेड़-शिवपुर गांव में दरगाह पर सो रहे पांच लोग भारी बारिश में बह गये.वहीं पुरंदर में दो लोगों के लापता होने की खबर है. मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रशांत रानपिसे ने बताया कि नौ साल के एक लड़के समेत पांच लोगों की बुधवार रात अर्नेश्वर क्षेत्र में दीवार गिरने से मौत हो गयी.

दरअसल भारी बारिश के बाद क्षेत्र में पानी भर गया था. उन्होंने बताया कि एक अन्य घटना में साहकर नगर क्षेत्र में एक व्यक्ति का शव मिला. इस क्षेत्र में पानी भरा हुआ है. वहीं एक व्यक्ति का शव एक कार से मिला, जो सिंहगढ़ मार्ग पर पानी में बह गयी थी.

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नजारे बांध से पानी छोड़ा गया

अधीक्षक ने बताया, बारामती क्षेत्र में 10,000 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा गया गया है, क्योंकि नजारे बांध से पानी छोड़ा गया है, ये बांध जेजुरी के निकट कारहा नदी पर बने हुए हैं. बुधवार रात में पुणे में भारी बारिश के बाद करीब 500 से ज्यादा लोगों को पानी भरी जगहों से बाहर निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया. अग्निशमन विभाग के एक अन्य अधिकारी ने बताया कि बारिश गुरुवार को रुक गयी.

लेकिन निचले इलाके के कई आवासीय सोसाइटी और घर पानी में डूबे हैं. दीवार गिरने और पेड़ उखड़ने के कई मामले सामने आये हैँ. इसी बीच मुख्यमंत्री फडणवीस ने बाढ़ संबंधित घटनाओं में लोगों की मौत हो जाने पर चिंता व्यक्त की है.

निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गये हैं

उन्होंने एक ट्वीट में कहा, ‘मेरी गहरी संवेदनाएं परिवारों के प्रति है. हम जरूरी सभी संभव सुविधाएं लोगों को मुहैया करा रहे हैं. राज्य आपद प्रबंधन के अधिकारी और नियंत्रण कक्ष सभी पुणे के कलेक्टर और पुणे नगर निगम के संपर्क में हैं. मुख्यमंत्री ने कहा, ‘एनडीआरएफ की दो टीमों को पुणे और बारामती में तैनात किया गया है.

एक एनडीआरएफ टीम बारामती पहुंच रही है, राज्य सरकार भी बांध से पानी छोड़े जाने पर करीबी नजर रखे हुए है.बुधवार को भारी बारिश के बाद पुणे और आसपास के क्षेत्रों के कई निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गये. सिंहगढ़ रोड, धनाकवाड़ी, बालाजींगर, अम्बेगांव, सहाकर नगर, पार्वती, कोल्हेवाड़ी और किर्कतवाड़ी, रानपिसे में पानी भरने की खबरें आयी हैं.

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