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 इलेक्टोरल बॉन्ड पर सुनवाई, अटॉर्नी जनरल ने कहा, चुनावी भाषण न दें  प्रशांत भूषण, सीजेआई ने ली चुटकी, चुनाव का समय है

प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि अनजान स्रोतों से मिले इलेक्टोरल बॉन्ड के जरिए सबसे ज्यादा चंदा सत्ताधारी पार्टी भाजपा को मिला  है.

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NewDelhi :  प्रशांत भूषण ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि अनजान स्रोतों से मिले इलेक्टोरल बॉन्ड के जरिए सबसे ज्यादा चंदा सत्ताधारी पार्टी भाजपा को मिला  है.  बता दें कि सीनियर वकील प्रशांत भूषण ने भाजपा को इलेक्टोरल बॉन्ड के जरिए मिलने वाले चंदे को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सवाल खड़े किये. अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने इसका जवाब देते हुए  कहा कि प्रशांत भूषण अदालत में चुनावी भाषण  दे रहे हैं. इस पर सीजेआई गोगोई खुद को मजाकिया टिप्पणी करने से नहीं रोक पाये   चीफ जस्टिस गोगोई ने चुटकी लेते हुए कहा कि यह चुनाव का समय है. बता दें कि शुक्रवार को इलेक्टोरल बॉन्ड की वैधता के मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के क्रम में एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) के वकील प्रशांत भूषण ने कहा कि चुनाव आयोग ने भी इलेक्टोरल बॉन्ड के जरिए मिलने वाले चंदे पर सवाल खड़े किये हैं.

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90 फीसदी हिस्सा भाजपा के खाते में

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उन्होंने कहा कि अभी तक कुल बिके बॉन्ड्स में से लगभग 90 फीसदी हिस्सा भाजपा के खाते में गया है. कोर्ट ने प्रशांत भूषण से इलेक्टोरल बॉन्ड पर आरटीआई के जरिए मिली जानकारी पर हलफनामा दायर करने को कहा.  इस मामले में अब अगली सुनवाई 10 अप्रैल को होनी है. बता दें कि एडीआर उन याचिकाकर्ताओं में शामिल हैं जिन्होंने इलेक्टोरल बॉन्ड स्कीम पर रोक लगाने की सुप्रीम कोर्ट से मांग की है.  जान लें कि इलेक्टोरल बॉन्ड लॉन्च करते समय केंद्र की मोदी सरकार ने दावा किया था कि इसके जरिए राजनीतिक दलों को मिलने वाले चंदे में पारदर्शिता आयेगी. इससे चुनावों में काले धन के इस्तेमाल पर रोक लगेगी.  बता दें कि पूर्व में भी इस मसले पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को फटकार लगायी है.

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